उत्तर प्रदेश के आगरा में घर पर मां और पत्नी के बीच लड़ाई से परेशान होकर कपड़ा व्यापारी दो महीने से होटल में रह रहा है। इधर, घर खर्च न मिलने पर पत्नी ने परिवार परामर्श केंद्र की शरण ली है। रविवार को काउंसिलिंग में समझौता न हो पाने पर दोनों पक्ष को अगली तारीख दे दी गई।
मामला कमलानगर के एक परिवार का है। पत्नी ने पति और सास-ससुर पर आरोप लगाए हैं। घर खर्च दिलाने के लिए परिवार परामर्श केंद्र में गुहार लगाई गई है। दंपती का एक 12 साल का बेटा भी है। वह स्कूल में पढ़ता है। पिछले कुछ दिनों से खर्चे को लेकर घर में विवाद है।
काउंसलर अमित गौड़ ने बताया कि पत्नी का आरोप है कि पति उसे अच्छी तरह से नहीं रखता। पति और ससुर कपड़े का व्यापार करते हैं। इसके बावजूद उसका और बेटे का ध्यान नहीं रखते। कुछ बोलो तो मारपीट करते हैं। पति भी सास-ससुर का पक्ष लेता है।
पति पिछले दो महीने से घर नहीं आया। मायके से रुपये मांगकर घर खर्च चला रही है। इस पर पति का कहना है कि पत्नी उसके और मां-पिता के साथ झगड़ा करती है। गाली गलौज करती है। घर में झगड़ा नहीं हो इस वजह से वह दो महीने से एक होटल में ठहरा है। वह घर खर्च भी देने के लिए तैयार है। मगर, पत्नी को माता-पिता के साथ नहीं रख सकता। इनकी आपस में नहीं बनती है। दोनों में सहमति नहीं बनने पर अगली तारीख दे दी गई।
परिवार परामर्श केंद्र की प्रभारी इतुल चौधरी ने बताया कि रविवार को 130 जोड़े बुलाए थे। 50 जोड़े उपस्थित हुए। 16 में समझौता हो गया। 3 मामलों में एफआईआर के आदेश हो गए। 20 पत्रावली अन्य कारणों से निस्तारित हो गई। अन्य जोड़ों को अगली तारीख दे दी गई है।