प्राचार्य डॉ. संजय काला ने बताया कि कार्यदायी संस्था दो महीने में कार्य पूरा होने की बात कह रहे हैं, विशेषज्ञ चिकित्सक-स्टाफ की नियुक्ति और उपकरण की खरीद के लिए प्रस्ताव बनाकर शासन को भेजा जा रहा है। लगभग तीन महीने में स्पेशल बर्न यूनिट शुरू हो जाएगी।
प्रदेश में तीसरी स्पेशल यूनिट
स्पेशल बर्न यूनिट बनने पर एसएन प्रदेश में तीसरा कॉलेज होगा, जहां पर जले के इलाज के आधुनिक उपकरण होंगे। केजीएमयू और पीजीआई में ही इस स्तर की बर्न यूनिट है। अभी तक तेजाब और आग से जले गंभीर मरीजों को एम्स या फिर लखनऊ में रेफर करना पड़ता था।