कासगंज। माफिया मुख्तार अंसारी की मौत के बाद उनके छोटे पुत्र उमर अंसारी और अब्बास की पत्नी निखत जेल में बंद विधायक पति अब्बास से मिलने मंगलवार को पहुंची। आधा घंटे तक यह मुलाकात चली। इस मुलाकात के दौरान अब्बास और उसकी पत्नी व भाई तीनों की ही आंखें डबडबा गईं। पिता मुख्तार अंसारी की मौत का गम तीनों के चेहरे पर झलक रहा था, तीनों एक दूसरे को ढांढस बंधा रहे थे।
मंगलवार की सुबह उमर अपनी भाभी निखत के साथ सुबह के समय पचलाना जेल पहुंचा, यहां मुलाकात के लिए दोनों ने पर्ची लगाई। मुलाकात के लिए डेढ़ बजे का समय तय किया गया। मुलाकात का समय निर्धारित होने पर उमर और निखत कार से वापस लौट गए। लेकिन उमर और निखत के पचलाना जेल पहुंचने पर यह मामला मीडिया की सुर्खियों में आ गया।
मीडिया की सुर्खी बनते ही शासन प्रशासन ने उमर और निखत की मुलाकात के समय में परिवर्तन कर दिया, यह मुलाकात दोपहर 12 बजे ही करा दी। मुलाकात के दौरान तीनों नम आंखों से गले मिले। साथ ही सभी ने एक दूसरे को ढांढस बंधाया। भाई और पत्नी ने अब्बास को पूरे मामले की जानकारी दी। आधा घंटे की मुलाकात के बाद पत्नी और भाई बाहर आए तो मीडिया कर्मियों ने उनकी कार रोकी और उमर से बात की।
इस दौरान उमर ने कहा कि मुलाकात सामान्य थी। एक पिता की मौत होने पर उनके बेटे का क्या हाल होगा ठीक ऐसा ही हाल भाई अब्बास का है। पिता को देने के लिए बेटे के पास कुछ नहीं होता, वह केवल पिता की सेवा कर उनके बेहतरी के लिए दुआ कर सकता है। बोले भाई की जमानत के लिए हाईकोर्ट में कोशिश की जा रही है। पत्रकारों के द्वारा पूछे गए सवालों पर उमर ने कहा कि वह मीडिया के सामने पहले ही सबकुछ बोल चुके हैं।
अब्बास रोजा रख रहे हैं, स्वस्थ हैं
कासगंज। उमर ने हाईसिक्योरिटी बैरक में बंद विधायक अब्बास के बारे में बताते हुए कहा कि अब्बास पिता की मौत के गम में डूबे हुए हैं, लेकिन वह हिम्मत नहीं हारे हैं। वह रोजा रख रहे हैं। स्वस्थ हैं और खाना भी खा रहे हैं। उनके सेहत ठीक है।
मीडिया कर्मियों के पहुंचते ही बदल दी रणनीति
कासगंज। अब्बास और उसके भाई व पत्नी की मुलाकात की खबर जैसे ही मीडिया में आईं, जेल प्रशासन अलर्ट हो गया। लखनऊ से जेल अधीक्षक को जल्द मुलाकात कराने के निर्देश मिले। इन निर्देशों पर जेल प्रशासन ने तुरंत मुलाकात का इंतजाम किया और भाई उमर व पत्नी निखत की मुलाकात कराई। इस दौरान जेल परिसर के अंदर सड़क तक गाड़ी भेजी गई। मुलाकात से पूर्व मीडियाकर्मियों से उमर ने बातचीत करने को कहा, लेकिन वापस कार में सवार होकर निकलने पर उन्होंने कार में बैठे हुए ही चंद मिनट बातचीत की और सवालों के जवाब नहीं दिए।
अब्बास के भाई व पत्नी ने जेल में मानकों के अनुरूप मुलाकात की है। मुलाकात के समय में परिवर्तन किया गया। मीडिया के बढ़ते दबाव के चलते यह कदम उठाना पड़ा।- विजय विक्रम सिंह, जेल अधीक्षक।