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आगरा के नाम के बाद अब मूर्तियों पर सियासत, भाजपा विधायक बनवा रहे इन नेताओं की प्रतिमाएं

Fri, 16 Nov 2018 03:42 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला आगरा
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भाजपा विधायक जगन प्रसाद गर्ग
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उत्तर विधानसभा सीट से भाजपा के विधायक जगन प्रसाद गर्ग ने आगरा का नाम बदलकर अग्रवन किए जाने का शिगूफा छेड़ा तो हंगामा खड़ा हो गया। यह हल्ला अभी थमा नहीं है कि विधायक ने एक और सियासी खिचड़ी पकानी शुरू कर दी है। यह है पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी और जनसंघ के संस्थापक पंडित दीन दयाल उपाध्याय की प्रतिमाओं की स्थापना को लेकर।
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भाजपा नेता खुद इन दोनों नेताओं की प्रतिमा बनवा रहे हैं। इन्हें स्थापित किए जाने के लिए नगर निगम ने शासन को प्रस्ताव भेज रखे हैं। इन पर जवाब तक नहीं आया है जबकि जगन प्रसाद गर्ग के मदिया कटरा स्थित होटल की छत पर प्रतिमाएं लगभग तैयार हो चुकी हैं। 

दरअसल, जगन प्रसाद गर्ग ने नगर निगम में पंडित दीनदयाल उपाध्याय की प्रतिमा लगाने की मांग की थी। मामले में विवाद खड़ा हो गया था। कई लोगों ने इसका विरोध किया था। तब नगर निगम ने प्रस्ताव पास करके अटल चौक (आगरा कैंट चौराहा) पर पंडितजी की प्रतिमा लगाने का एलान किया था।
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यहां स्थापित होंगी प्रतिमाएं

इसके बाद विधायक ने आवास विकास कालोनी सिकंदरा में दीनदयाल उपाध्याय की प्रतिमा स्थापित करने की मांग कर डाली। इस पर सहमति जताते हुए नगर निगम ने शासन को प्रस्ताव भेज दिया। इस पर शासन से कोई जवाब तक नहीं आया है।

जगन प्रसाद गर्ग का कहना है कि पंजाब से आए कारीगर सरदार जनरैल सिंह पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी और पंडित दीनदयाल उपाध्याय की प्रतिमा बना रहे हैं। जनरैल सिंह ने गुरुद्वारा गुरु का ताल में भी प्रतिमाएं बनाई हैं। दोनों प्रतिमाओं की ऊंचाई करीब 12.5 फुट है।

उन्होंने बताया कि आवास विकास कालोनी का नाम दीनदयाल उपाध्याय पुरम है। इसलिए यहां पंडित जी की प्रतिमा लगाई जाएगी। अटल बिहारी वाजपेयी की प्रतिमा फतेहाबाद रोड पर कैला देवी कोल्ड स्टोर के पास स्थापित की जाएगी। इससे पहले विश्वविद्यालय परिसर में हाल ही में पंडित दीनदयाल उपाध्याय की प्रतिमा स्थापित की जा चुकी है।
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एक तीर से तीन निशाने साध रहे जगन

राजनीति के जानकारों का कहना है कि जगन एक तीर से तीन निशाने साथ रहे हैं। एक तो मूर्तियां बनते ही नगर निगम पर दबाव बन जाएगा। इनकी स्थापना कराए जाने का। मेयर नवीन जैन और जगन गर्ग में बन नहीं रही है। 

जाहिर है नवीन जैन को टेंशन होगी। दूसरा, जगन गर्ग की नजर ब्राह्मण वोटरों पर है। उनके विधानसभा क्षेत्र में ब्राह्मण वोटरों की बड़ी संख्या है। तीसरा, वह मंत्री पद की दौड़ में है। मूर्तियों के बहाने चर्चा में रहेंगे तो उनका दावा मजबूत होगा।
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