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UP: भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष के मोबाइल से आया ऐसा संदेश, मंत्री रह गए हैरान; गृह मंत्रालय ने तुरंत लिया एक्शन

Wed, 10 Jun 2026 08:27 AM IST
Dhirendra Singh अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा

सार

भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष दिनेश चंद शर्मा का मोबाइल और व्हाट्सएप साइबर ठगों ने गिफ्ट पार्सल के बहाने हैक कर लिया। इसके बाद आरोपियों ने अमित शाह, पीएमओ अधिकारियों समेत 6000 से अधिक लोगों को संदेश भेजकर रुपये मांगे, जिसमें कई लोग ठगी का शिकार हो गए।
 
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व्हाट्स एप पर रुपये मांगने का भेजा गया संदेश, फेसबुक पर हैक होने की जानकारी - फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
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भाजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष दिनेश चंद शर्मा का मोबाइल प्रदेश अध्यक्ष का गिफ्ट पार्सल भेजने के बहाने साइबर अपराधियों ने हैक किया। इसके बाद गृहमंत्री, पीएमओ कार्यालय, हरियाणा के मुख्यमंत्री समेत कई राज्यों के मंत्रियों समेत 6000 से अधिक लोगों से रुपये मांगे गए। कई लोगों ने ठगों को रुपये भेज भी दिए। शिकायत पर थाना न्यू आगरा में प्राथमिकी दर्ज की गई है।
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हाथरस निवासी दिनेश चंद शर्मा पूर्व में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रांत प्रचारक, संगठन मंत्री भी रह चुके हैं। उन्होंने बताया कि वह एक जून को आगरा आए थे। तभी उनके पास अनजान नंबर से एक कॉल आई। कॉल करने वाले ने भाजपा प्रदेश अध्यक्ष का गिफ्ट पार्सल से भेजने के लिए बात की। डिलीवरी मैन को लोकेशन देने के बहाने पहले स्टार और फिर हैश लगाकर एक नंबर डायल करने को कहा गया। उन्होंने नंबर डायल कर दिया। इससे उनका व्हाट्सएप और फेसबुक हैक हो गया।

साइबर अपराधियों ने करीब 6 हजार लोगों को संदेश भेजे। जरूरत का बहाना कर अलग-अलग रकम ऑनलाइन भेजने की मांग की। मोबाइल में सैकड़ों बड़ी राजनीतिक हस्तियों के भी नंबर थे। आरोपियों ने गृहमंत्री अमित शाह, पीएमओ कार्यालय के अधिकारियों, हरियाणा के मुख्यमंत्री समेत कई बड़ी हस्तियों को भी संदेश भेजकर रुपयों की मांग की। अहमदाबाद के एक परिचित ने उन्हें कॉल कर ठगों की हरकत के बारे में बताया। लोगों के कॉल लगातार आते रहे।

गृह मंत्रालय से मामले के बारे में डीजीपी राजीव कृष्ण को अवगत कराया गया। डीजीपी के निर्देश पर साइबर थाना पुलिस ने संपर्क किया। थाना न्यू आगरा में प्राथमिकी दर्ज की गई है। लोगों की ओर से 2 लाख से ज्यादा रुपये आरोपियों के बताए क्यूआर कोड पर भेजने के स्क्रीनशॉट पुलिस को दिए गए हैं। अब तक लोग उनके पास कॉल कर जानकारी दे रहे हैं। उन्हें डर है कि जो वीआईपी नंबर साइबर अपराधियों की जानकारी में आ गए हैं। उनका साइबर अपराधी किसी गलत उद्देश्य से इस्तेमाल न कर लें।

जल्दबाजी में अनजान नंबर पर किया भरोसा
दिनेश चंद ने बताया कि जब साइबर ठगों ने उन्हें कॉल की तो वह एक जरूरी बैठक करने जा रहे थे। उन्हाेंने अनजान नंबर से आई कॉल पर बात कर ली और भरोसा कर नंबर डायल कर दिया। इससे कई लोगों का नुकसान हुआ और लोग परेशान हुए। साइबर एक्सपर्ट अभिषेक गुप्ता ने बताया कि साइबर अपराधी बातों में फंसाकर नंबर से पहले स्टार और फिर हैश लगाकर डायल करवा मोबाइल को रिमोट मोड पर ले लेते हैं। नंबर से पहले अलग कोड हो तो भी उसकी कॉल रिसीव नहीं करनी चाहिए। अनजान नंबर से आई कॉल पर भरोसा नहीं करना चाहिए। कंपनी के अधिकृत नंबर पर बात कर पुष्टि करनी चाहिए।

कॉलर की बिहार और रुपये लेने वाले की जयपुर मिली लोकेशन
पुलिस की जांच में दिनेश चंद को कॉल करने वाले नंबर की लोकेशन बिहार मिली है। जिस नंबर पर कॉल कराई गई थी वह जयपुर का निकला है। जिस खाते में लोगों से रकम ट्रांसफर कराई गई पुलिस ने उसको फ्रीज कराया है। आरोपियों की तलाश में पुलिस टीम गठित की गई है।
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की जा रही विवेचना
 डीसीपी सिटी सय्यद अली अब्बास ने बताया कि मोबाइल हैक कर साइबर ठगी का मामला सामने आया है। प्राथमिकी दर्ज करने के बाद विवेचना की जा रही है। जिन नंबरों से काॅल किया गया, उनके बारे में पता किया जा रहा है। इसके लिए साइबर थाना पुलिस की टीम को लगाया गया है।
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