बेसमेंट हादसा: बिजकौली के रामेन्द्र सिंह को बेटा सनेन्द्र फिर ले पहुंचा एसएन मेडीकल कॉलेज आगरा
बाह। बिजकौली बेसमेंट हादसे का शिकार हुए रामेंद्र सिंह (58) महंगे इलाज के कारण अस्पताल से छुट्टी कराकर घर आ गए थे। दोनों पैर और रीढ़ की हड्डी में फ्रैक्चर था। पैरों पर प्लास्टर चढ़ गया था। बुधवार शाम सांसद राजकुमार चाहर बिजकौली में मृतकों के परिजन को ढांढ़स बंधाने के बाद रामेंद्र सिंह के घर पहुंचे। उन्होंने एसएन आगरा में चिकित्सकों से बात की और इलाज का भरोसा दिया। रामेंद्र को बृहस्पतिवार को बेटा सनेंद्र एंबुलेंस से एसएन मेडिकल कॉलेज लेकर पहुंचा। उसने पिता के सफल इलाज की उम्मीद जताई है। बता दें कि बिजकौली गांव में 14 दिसंबर को निर्माणाधीन बेसमेंट की ढ़ही दीवार के मलबे में 7 लोग दब गए थे। जिसमें हीरालाल एवं योगेश कुमार उर्फ योगेंद्र की मौत हो गई थी। मलबे में दब कर घायल हुए उत्तम सिंह, धर्मेंद्र सिंह, सुनील कुमार, रामेंद्र सिंह, कल्लू जिंदगी के लिए अस्पताल में जूझ रहे हैं।