दोनों पक्ष के बीच विवाद को तूल पकड़ता देख थानाध्यक्ष जैकब फर्नांडीज की ओर से मध्यस्थता की गई। सोमवार को दोपहर बाद दोनों पक्षों में समझौता हो गया। सैलून संचालकों ने कहा कि बिना शराब पीकर आने पर ही वह बाल्मीकि समाज के लोगों के बाल काटेंगे। इसके बाद दोपहर बाद बंद सैलून खोले गए।
एसपी से दिखाई सक्रियता
बाल्मीकि जाति के लोगों के बाल न काटने की घटना में पुलिस को तहरीर दी। इसके बाद से ही कुछ लोग मामले को जातिवाद से जोड़कर तूल देने के प्रयास में जुट गए। जब इस बात की जानकारी एसपी कमलेश दीक्षित को हुई तो उन्होंने थानाध्यक्ष जैकब फर्नांडीज को एहतियात बरतते हुए निर्णय लिए जाने के निर्देश दिए।
एसपी कमलेश दीक्षित ने कहा कि शिकायत के बाद दोनों पक्ष की समस्याओं को सुना गया, बातचीत के बाद दोनों पक्ष के बीच की गलतफहमी दूर हो गई। अब किसी भी पक्ष को आपस में कोई शिकायत नहीं है।