मैनपुरी। ऋण न चुकाने वालों पर नोटिस का कोई असर न होने के बाद बैंक प्रशासन ने सख्त रुख अपनाना शुरू कर दिया है। वसूली के लिए अब उन्होंने कठोर कार्रवाई शुरू कर दी है। इसी के तहत 49 हजार से अधिक ऋण खाताधारकों की आरसी जारी कर वसूली के आदेश दिए हैं। इससे बकाएदारों में खलबली मच गई है।
जिले में बैंकों द्वारा बड़ी संख्या में लोगों को खेती, मकान और वाहन के लिए ऋण दिया गया लेकिन दो साल से जिले के हजारों ऋण खाताधारकों ने एक धेला तक जमा नहीं कराया। अब बैंक ने ऐसे खाताधारकों पर सख्ती दिखाई है। जिले की 131 बैंक शाखाओं द्वारा कुल 49 हजार 439 लोगों को आरसी (रिकवरी सर्टिफिकेट) जारी की गई है। इन लोगों पर चार अरब 93 करोड़ की धनराशि बकाया है। धनराशि जमा न करने पर अब राजस्व विभाग के माध्यम से धनराशि की वसूली की जाएगी। आरसी जारी होने के बाद खाताधारकों में खलबली मच गई है, वे बचने के लिए बैंक अधिकारियों के चक्कर लगा रहे हैं।
लॉकडाउन में नहीं हुई कोई कार्रवाई
जिन लोगों की ऋण वसूली के लिए आरसी जारी की गई है, वे सभी पुराने बकाएदार हैं। लॉकडाउन में बीते पांच माह से कोई कार्रवाई नहीं की गई है। हालांकि बैंक पांच माह से ऋण की किस्त जमा न करने वाले ग्राहकों से संपर्क कर उन्हें बकाया चुकाने के लिए प्रेरित कर रहा है।
हाईलाइट्स
-131 हैं जिले में कुल बैंक शाखाएं
-49439 की जारी की गई आरसी
-493 करोड़ रुपये का है बकाया
-02 साल से जमा नहीं किया एक भी रुपया
ऐसे पुराने ऋण खाताधारक जिन्होंने दो साल से धनराशि जमा नहीं की है, उनसे वसूली के लिए आरसी जारी की गई है। सभी लोगों से अपील है कि बैंक के ऋण का समय से भुगतान करें ताकि दूसरे लोगों को भी भविष्य में दोबारा लाभ मिल सके।
सुखवीर सिंह, प्रभारी एलडीएम।