केंद्रीय राज्यमंत्री रामशंकर कठेरिया के नेतृत्व में चलाए गए आंदोलन को लेकर भाजपा अपने ही घर में घिर गई है। आंदोलन के मकसद को लेकर सांसद चौधरी बाबूलाल ने कठेरिया के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। उन्होंने अप्रत्यक्ष रूप से जमीन विवाद के आरोपी की मदद का आरोप लगाया है। वहीं, खुले शब्दों में इस मामले को बेवजह तूल देने की बात भी कही है। कहा है कि भाजपा का काम जमीनों पर कब्जा कराने का नहीं है।
केंद्रीय राज्यमंत्री डा. रामशंकर कठेरिया और फतेहपुर सीकरी से सांसद चौधरी बाबूलाल के बीच मनमुटाव किसी से छुपा नहीं है। ताजा मामला महाघेराव कार्यक्रम को लेकर है। इस प्रदर्शन में बाबूलाल के शामिल न होने पर सवाल तो खड़े हो रहे थे, उनके जवाब ने अंतर्कलह को जमीन पर ला दिया। बाबूलाल ने कहा कि उन्हें इस कार्यक्रम की जानकारी ही नहीं दी गई थी। वह वैष्णो देवी दर्शन को गए थे।
उन्होंने आंदोलन के उद्देश्य पर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने रविंद्र कठेरिया (केंद्रीय राज्यमंत्री के कार्यालय प्रभारी) का जमीन विवाद होने के संकेत दिए। कहा कि जिस जमीन को रविंद्र अपना बता रहे हैं, उसका बैनामा एक ठाकुर की लड़की के नाम है। उन्होंने पार्टी नेतृत्व से इस मामले की जांच के साथ-साथ दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है। बाबूलाल ने साफ कहा कि ‘जमीन पर कब्जा कराने वालों का मैं साथ नहीं दूंगा। फिर चाहे वह मेरे परिजन-परिचित ही क्यों न हों।’ हालांकि बाद में बाबूलाल अपने बयान से पलट गए। कहा कि उन्होंने ऐसा कुछ नहीं कहा है। मगर, उनकी इस सफाई से पहले सोशल मीडिया पर उनके पूर्व के बयानों का वीडियो वायरल हो चुका था।
पहले भी बाबूलाल हाईकोर्ट बेंच के मुद्दे पर अधिवक्ताओं की सभा में कठेरिया पर निशाना साध चुके हैं। बाद में कठेरिया ने भी पलटवार करते हुए बाबूलाल के आरोपों का सार्वजनिक मंच से जवाब दिया था।
मीडिया सह प्रभारी ने किया ‘मनमुटाव’ को सार्वजनिक
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पार्टी अनुशासन का भले ही कितना भी पाठ पढ़ाते हों लेकिन उनके इस पाठ का मीडिया प्रभारियों पर असर नहीं पड़ रहा। पूर्व में महानगर मीडिया रह चुके राजकुमार पथिक जहां सोशल मीडिया के माध्यम से अपनी ही पार्टी के प्रधानमंत्री पर निशाना साध चुके हैं। वहीं, अब सह मीडिया प्रभारी बॉबी वर्मा ने केंद्रीय राज्यमंत्री डा. रामशंकर कठेरिया और सांसद चौधरी बाबूलाल के बीच मनमुटाव को सार्वजनिक कर दिया। उन्होंने व्हाट्सअप के एक ग्रुप पर दोनों के बीच मनमुटाव का मैसेज फारवर्ड किया है। हालांकि बाद में उन्होंने इसे गलती से पेस्ट होने की बात स्वीकारी। ग्रुप पर इसको लेकर बहस भी छिड़ गई।