जिला अस्पताल में लगा एआरवी खत्म होने का पर्चा
- फोटो : अमर उजाला
आगरा जिला अस्पताल में जानवर काटे के इलाज में लगने वाली एंटी रैबीज वैक्सीन खत्म हुए दो सप्ताह हो गए, लेकिन अभी तक इंजेक्शन नहीं आया है। ऐसे में यहां आने मरीजों को निजी मेडिकल स्टोर से इंजेक्शन खरीदकर लगवाना पड़ रहा है।
जिला अस्पताल में एंटी रैबीज लगवाने वाले के लिए इन दिनों 180 से अधिक मरीज आ रहे हैं। इनमें से 110 से 130 मरीज कुत्ता और बाकी के बंदर काटने के हैं। 14 दिसंबर से यहां इंजेक्शन खत्म हो गए हैं। ऐसे में मरीज यहां से लौट रहे हैं। निजी क्लीनिक पर 400 रुपये खर्च करके इंजेक्शन लगवाना पड़ रहा है। प्रमुख अधीक्षक डॉ. बीएस यादव ने बताया कि दो बार शासन को एआरवी की डिमांड भेज दी है।
जोंस मिल: अवैध बैनामों पर बनी इमारतों पर कब्जा लेगा प्रशासन, कानूनी प्रक्रिया शुरू
सीएचसी पर भी खत्म हुए इंजेक्शन
शासन स्तर से ही इंजेक्शन नहीं आ रहा है। इसकी सप्लाई प्रभावित होने से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर भी इंजेक्शन खत्म हो गए हैं। इस कारण मरीजों की संख्या जिला अस्पताल में बढ़ गई है।
नया साल: पार्टी में सौ लोगों की अनुमति, मास्क नहीं पहना तो 500 रुपये जुर्माना
एंटीबायोटिक-एलर्जी की दवाओं की भी कमी
- जिला अस्पताल की ओपीडी में 60 से 70 तरह की दवाएं आ रही हैं। इनमें एंटीबायोटिक, एलर्जी, ईएनटी की दवाओं की भी कमी है। ऐसे में मरीजों को दवाएं बाहर से खरीदनी पड़ रही हैं।
- पौत्र को कुत्ते ने काट लिया था। पहला इंजेक्शन भी पैसे देकर बाहर लगवाया, दूसरे इंजेक्शन के लिए आए तो यहां बताया कि इंजेक्शन अभी आए नहीं हैं।
सुरेश चंद्र बरौली अहीर
- बेटी को कुत्ता ने काट लिया, सीएचसी गए तो वहां इंजेक्शन नहीं मिला। जिला अस्पताल आए तो यहां पर भी इंजेक्शन नहीं मिला, प्राइवेट में लगवाना पड़ेगा।
रोहताश कुमार, मलपुरा
Agra Metro: रास्ते खराब हुई मेट्रो तो रोड-रेल रेस्क्यू वाहन करेगा ठीक