कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय रानामऊ में फर्जीदस्तावेजों के आधार पर नौकरी कर रही कथित लक्ष्मी की तलाश में पुलिस जुट गई है। पुलिस के सामने सबसे बड़ी चुनौती है कि आखिर फर्जी शिक्षिका कौन है और कहां रहती है। पुलिस ने जांच प्रक्रिया शुरू करते हुए बेसिक शिक्षा विभाग से कई बिंदुओं पर अहम जानकारियां मांगी हैं।
मैनपुरी के भोगांव की लक्ष्मी के प्रमाण पत्रों पर वर्ष 2016 से कस्तूरबा गांधी विद्यालय रानामऊ अमांपुर में फर्जी शिक्षिका नौकरी करती रही। मूल दस्तावेजों का सत्यापन पूर्ण हुआ तो फर्जी शिक्षिका गायब हो गई।
जांच में स्पष्ट हुआ कि असली लक्ष्मी मैनपुरी के भोगांव की है। जबकि लक्ष्मी के नाम पर नौकरी करने वाली शिक्षिका कौन थी और उसका ठिकाना कहां है यह अब बड़ी चुनौती बना हुआ है। बेसिक शिक्षा विभाग के साथ ही अब अमांपुर पुलिस भी इस चुनौती से निपटने के लिए प्रयास कर रही है। पुलिस ने शिक्षा विभाग से जानकारियां भी जुटाई हैं।
मैनपुरी जाएगी टीम, सर्विलांस का लिया सहारा
लक्ष्मी प्रकरण में अमांपुर पुलिस की टीम सोमवार को मैनपुरी के भोगांव में जाएगी। वहां असली और फर्जी शिक्षिका का सत्यापन किया जाएगा। पुलिस ने लक्ष्मी के नाम पर नौकरी करने वाली शिक्षिका का नंबर सर्विलांस पर लगा दिया है। हांलाकि उसका मोबाइल नंबर बंद और व्हाट्सएप भी शो नहीं हो रहा। अमांपुर थानाध्यक्ष वीरेंद्र इंदौलिया ने बताया कि मामले की जांच उपनिरीक्षक आबिद कुरैशी को दी गई है।
सीज होगा फर्जी शिक्षिका का खाता
फर्जी शिक्षिका ने लक्ष्मी के शैक्षणिक दस्तावेजों पर नौकरी पाई, जबकि अन्य दस्तावेज फर्जी तैयार कराए। यहां तक कि अपना फोटो लगाकर फर्जी आधार कार्ड भी तैयार कराया और उसी आधार कार्ड से इलाहाबाद बैंक कासगंज में खाता खुलवाया। बीएसए अंजली अग्रवाल ने खाते से संबंधित पूरा ब्यौरा बैंक से मांगा है। साथ ही खाता सीज कराने की जिम्मेदारी बालिका शिक्षा के डीसी को दी है।
वार्डन की संविदा समाप्त, शिक्षिका का नहीं होगा नवीनीकरण
फर्जी दस्तावेजों के आधार पर सोरों के कस्तूरबा विद्यालय में नौकरी करने वाली वार्डन की संविदा विभाग की ओर से समाप्त कर दी गई है। इसके अलावा लक्ष्मी के नाम पर नौकरी करने वाली शिक्षिका के नवीनीकरण पर विभाग की ओर से रोक लगाने का निर्णय लिया गय है। क्योंकि फर्जी शिक्षिका गायब है और उसका असली नाम भी नहीं मालूम है। ऐसे में विभाग का मानना है कि संविदा समाप्ति का औचित्य नहीं है सिर्फ नवीनीकरण रोका जाएगा।
नोटिस का जवाब दे, बिना बताए गायब वार्डन
सोरो केजीबीवी की वार्डन चित्रा शर्मा आगरा की रहने वाली हैं। उन्होंने बेसिक शिक्षा विभाग को 17 जून को नोटिस का जवाब दिया था। उसके बाद वह कस्तूरबा विद्यालय से बिना बताए गायब हैं। अब सोरों पुलिस वार्डन की तलाश कर रही है। कोतवाली प्रभारी रिपुदमन सिंह ने बताया कि मामले की जांच वरिष्ठ उपनिरीक्षक मौहर सिंह तोमर को सौंपी गई है।
फर्जी शिक्षिका का खाता सीज करने के आदेश दिए हैं। सोरों की वार्डन बिना बताए गायब हैं। दोनों मामले में मुकदमा दर्ज हो गया है। पुलिस के साथ साथ विभाग भी जांच कर रहा है। - अंजली अग्रवाल, बीएसए।