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Agra News: एआई पकड़ेगा बीमारी, फेफड़े का भी हो सकेगा ट्रांसप्लांट

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आगरा। एसएन मेडिकल कॉलेज में एडवांस्ड क्रिटिकल केयर यूनिट का निर्माण हो रहा है। आर्टिफिशियल इंटेलीजेंसी (एआई) आधारित लैब और ऑपरेशन थिएटर बनेंगे। इससे बीमारी की सटीक जांच और ऑपरेशन हो सकेंगे। इसके लिए आधुनिक मशीन-उपकरण लगाए जाएंगे। फेफड़े का ट्रांसप्लांट भी हो सकेगा। इससे मरीजों को दूसरे शहरों में जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
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इंटीग्रेटेड प्लान के तहत नौ मंजिल भवन बन रहा है। इसमें 120 बेड की व्यवस्था होगी। इमरजेंसी में 10 बेड, एचडीयू में 30 और आईसीयू में 20 बेड होंगे। सामान्य वार्ड 40 बेड का होगा। 20 बेड मल्टी ड्रग रेजिस्टेंट के मरीजों के लिए होंगे। इसमें फेफड़े के कैंसर, सीओपीडी, अस्थमा, निमोनिया समेत छाती रोग की सभी बीमारियों का इलाज और सर्जरी हो सकेगी। एआई बेस्ड लैब होगी, जिसमें अस्थमा, टीबी, सांस, फेफड़े के कैंसर समेत अन्य रोग की सटीक जांच हो सकेगी। पूरा भवन कीटाणुरोधी होगा।
प्राचार्य डॉ. प्रशांत गुप्ता ने बताया कि 15 महीने में भवन बनकर तैयार हो जाएगा। इसके बाद ऑपरेशन थिएटर, मशीनें, फर्नीचर समेत अन्य की व्यवस्था की जाएगी। विशेषज्ञ चिकित्सक और स्टाफ की भी नियुक्ति की जाएगी। इस यूनिट से छाती-फेफड़े के गंभीर रोगों का इलाज और सर्जरी की सुविधा मिलेगी। मरीजों को दिल्ली, जयपुर, लखनऊ जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
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पांच एडवांस ओटी बनेंगी
क्रिटिकल केयर यूनिट के नोडल प्रभारी डॉ. जीवी सिंह ने बताया कि यूनिट में पांच एडवांस ऑपरेशन थिएटर होंगे। इसमें दो मेजर और तीन माइनर ओटी होंगी। आधुनिक मशीनें लगाई जाएंगी, जिससे सर्जरी हो सकेगी। इसमें फेफड़ों का भी ट्रांसप्लांट हो सकेगा। अभी एसएन में ये सुविधा नहीं है। एआई बेस्ड लैब भी बनेगी, जिसमें फेफड़े के कैंसर, अस्थमा, सीओपीडी, निमोनिया की सटीक जांच होगी। इससे शुरुआती स्थिति में ही बीमारी पकड़ में आ सकेगी। इससे समय पर इलाज हो सकेगा।
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