समर्पण ब्लड बैंक के महासचिव अखिलेश अग्रवाल ने बताया कि एटा के मरीज का हैदराबाद के अस्पताल में फेफड़े का ट्रांसप्लांट हो रहा था। इसमें ओ-निगेटिव 29 यूनिट खून की जरूरत थी। ऑपरेशन के बीच 21 अप्रैल को दो और यूनिट की जरूरत पड़ी, लेकिन वहां व्यवस्था नहीं हो पाई। ऐसे में कमला नगर निवासी मरीज के परिचित संतोष कुमार गुप्ता ने ओ-निगेटिव ग्रुप के रक्त की तत्काल जरूरत बताई।
इस पर कमला नगर निवासी गुरजीत सिंह अरोड़ा और दयालबाग निवासी अजीत साहनी से संपर्क किया। दोनों ही अपना कामकाज छोड़कर रक्तदान करने को तैयार हो गए। ऐसे में दोनों हवाई यात्रा के जरिये आगरा से मुंबई और मुंबई से हैदराबाद पहुंचे। एयरपोर्ट से अस्पताल जाकर ऑपरेशन के बीच दोनों ने रक्तदान किया। इस तरह से आगरा से हैदराबाद के अस्पताल तक एक ओर से करीब 2100 किमी की दूरी तय की। हैदराबाद से आगरा के लिए सीधी उड़ान पर वे रविवार को वापस आए हैं।
दोनों महादानियों ने कहा कि ओ निगेटिव दुर्लभ रक्त ग्रुप है। ऐसी जरूरतों पर कई बार रक्तदान कर चुके हैं। संस्था अध्यक्ष अनिल अग्रवाल, निदेशक संजीव जैन और रोहित अग्रवाल ने महादानियों का आभार जताया।