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अंधेरगर्दी : कागजों पर भर दिए गड्ढे, सड़क पर चलना दूभर, आए दिन हो रहे हादसे

Tue, 04 Aug 2020 01:11 PM IST
मुकेश कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
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मारुति सिटी सड़क का हाल - फोटो : अमर उजाला
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ताजनगरी में सरकारी विभागों की कार्यशैली देखिए। गड्ढों में तब्दील सड़क की समन्वित शिकायत निवारण प्रणाली (आईजीआरएस) पोर्टल पर शिकायत की गई। आगरा विकास प्राधिकरण (एडीए) ने कागजों में समस्या का निस्तारण कर दिया। लेकिन सड़क पर गड्ढे जस के तस बने हुए हैं। लोगों का सड़क पर चलना दूभर है और वाहन चालक आए दिन हादसों का शिकार हो रहे हैं।
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मारुति सिटी सड़क किनारे आयुषी बिहार बसा है। यहां 150 से अधिक परिवार हैं। मुख्य सड़क छह माह से जर्जर है। दो बार आईजीआरएस पोर्टल पर सड़क मरम्मत की मांग की गई। फिर तहसील दिवस में समस्या बताई। 

आयुषी वेलफेयर सोसाइटी अध्यक्ष राम किशोर शर्मा ने बताया कि एडीए ने न कोई निरीक्षण किया। न सड़क बनाई। बजट नहीं होने की बात कह कागजों में समस्या का समाधान कर दिया। सड़क पर दो फुट गहरे गड्ढे हैं। आए दिन दुर्घटनाएं होती हैं। बरसात में पूरी सड़क पर कीचड़ व जलभराव से निकलना दूभर है।
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रहता है शहीद का परिवार
मारुति सिटी रोड के पास ही पुलवामा हमले में शहीद हुए कौशल रावत का परिवार भी रहता है। फिर इस सड़क को छह माह से मरम्मत का इंतजार है। 

छह माह से परेशान
मारुति सिटी के विकास चौहान ने बताया कि छह माह से सड़क मरम्मत के लिए प्रयास कर रहे हैं। तीन बार शिकायत की, लेकिन सड़क नहीं बनाई।

आयुषी बिहार की प्रीति अग्रवाल ने कहा कि सड़क टूटी पड़ी है। गहरे गड्ढे हैं। कागजों में एडीए ने शिकायत निस्तारित कर दी। खुद को ठगा सा महसूस करते हैं।

विशाल अग्रवाल ने कहा कि फतेहपुर सीकरी सांसद से सड़क निर्माण की सिफारिश कराई थी, लेकिन सड़क नहीं बनी। कोई सुनवाई नहीं होती।

बजट के अभाव में काम नहीं हो पाया
एडीए के सचिव राजेंद्र त्रिपाठी का कहना है कि बजट के अभाव में काम नहीं हो सका है। दोबारा सर्वे कराया जाएगा। सड़क की मरम्मत कराई जाएगी। 
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