जिस पिता ने पाल-पोस कर इस लायक बना दिया कि बच्चे अपने पैरों पर खड़ हो सकें। उसी पिता को उनके बच्चे प्रताड़ित करते हैं। बीमार पिता का इलाज कराने की बजाय उन्हें जंगल में छोड़ दिया।
आगरा के सिकंदरा कैलाश मंदिर मार्ग की झाड़ियों में मंगलवार को सुभाष जैन (70) बीमार हालत में वृद्ध आश्रम के कर्मचारियों को कराहते हुए मिले।
आश्रम के कर्मचारी विनय शर्मा उन्हें अपने साथ ले आए। यहां उनसे पूछताछ की गई तो बुजुर्ग के मुंह से लफ्जों की जगह आंखों से आंसू बहने लगे। भरे गले से बुजुर्ग ने बताया कि उनका एक बेटा है।