आगरा छावनी के पैरा रेजिमेंट से छुट्टी पर जम्मू-कश्मीर में अपने घर गए एक फौजी को कोरोना वायरस से संक्रमित पाया गया है। उनकी पत्नी की रिपोर्ट निगेटिव आई है। परिजनों के भी सैंपल लिए गए हैं।
आगरा में ड्यूटी करने वाला सैनिक 18 मार्च को छुट्टी पर घर पहुंचा था। 19 मार्च को उन्हें घर पर क्वारंटीन में रखा गया था। कोरोना पॉजिटिव मिले इस सैनिक के संपर्क में आने वालों के भी टेस्ट किए जा रहे हैं।
सांबा जिले के सुपवाल के चक रामचंद गांव के रहने वाले सैनिक का रविवार को जीएमसी, जम्मू में दोबारा परीक्षण किया गया। इस रिपोर्ट का इंतजार है। स्वास्थ्य विभाग ने उनके रिश्तेदारों के भी सैंपल लिए हैं।
आगरा से लौटते निजामुद्दीन रुका था सैन्यकर्मी
18 मार्च को आगरा से ट्रेन से घर लौटा सैन्यकर्मी 24 दिन बाद सैंपल जांच में कोरोना पॉजिटिव पाया गया। प्रशासन ने दावा किया है कि सैन्यकर्मी को होम क्वारंटीन पर रखा गया था। उनकी सैंपल जांच दो दिन पहले की गई, जिसकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई है।
सूत्रों ने बताया कि गांव वालों के कहने पर सैन्यकर्मी ने दो दिन पूर्व ही यात्रा इतिहास का फार्म भरा था। इसमें निजामुद्दीन रेलवे स्टेशन पर एक घंटे रुकने का भी जिक्र किया गया। टेस्ट पॉजिटिव आने तक यह सैन्यकर्मी कठुआ में चड़वाल से सटे बीरू चक गांव में अपने ससुराल में तीन दिन बिता चुका था।
सैन्यकर्मी ने अपने गांव चकराम चंद में किसी की मौत के दसवें पर खाना भी परोसा। इतना ही नहीं, लॉकडाउन के बीच सैन्यकर्मी द्वारा सांबा की कुछ मंडियों, औद्योगिक क्षेत्र सिडको के श्रमिकों और विजयपुर में जरूरतमंदों को राशन वितरण की सूचनाओं से भी हड़कंप मच गया है।
संपर्क में आने वालों की तलाश
मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) सांबा डॉ. राजिंदर सम्याल ने कहा कि सैन्यकर्मी होम क्वारंटीन पर था। गांव में पुलिस की उपलब्धता न होने के चलते यह व्यक्ति घर से बाहर जाता रहा। एसएसपी सांबा शक्ति पाठक ने कहा कि कोरोना पॉजिटिव आए मरीज का गांव सील कर दिया गया है। युवक के संपर्क में आने वालों को ट्रेस करने के लिए टीमें जुट गई हैं।