बाह। सैफई पीजीआई में सिजेरियन डिलीवरी के बाद नवजात को खो चुकी प्रसूता की भी घर लौटने पर मौत हो गई। जैतपुर के नयापुरा गांव निवासी धर्मेन्द्र कुमार की 21 वर्षीय पत्नी रिंकी का यह पहला प्रसव था। 19 सितंबर को प्रसव पीड़ा होने पर परिजन उसे जैतपुर सीएचसी ले गए, जहां से इटावा जिला अस्पताल और फिर सैफई पीजीआई रेफर किया गया।
धर्मेन्द्र कुमार ने बताया कि 20 सितंबर को सैफई पीजीआई में रिंकी की सिजेरियन डिलीवरी हुई, जिसमें बच्चा मृत पैदा हुआ। 30 सितंबर को पीजीआई से छुट्टी मिलने पर परिजन उसे घर ले आए। रविवार को ब्लड प्रेशर बढ़ने और घबराहट होने पर उसे जैतपुर के निजी अस्पताल ले गए और सामान्य होने पर घर ले आए। रविवार रात करीब 8 बजे दोबारा बेचैनी होने पर परिजन उसे सीएचसी बाह लेकर पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। धर्मेन्द्र ने किसी भी तरह की लापरवाही से इनकार किया है। बाह सीएचसी के अधीक्षक डॉ. जितेन्द्र वर्मा ने बताया कि प्रसूता को मृत अवस्था में अस्पताल लाया गया था, परिजन घबराहट और बेचैनी से हालत बिगड़ने की बात कह रहे हैं।