आईएसबीटी स्टेशन तक मेट्रो ट्रेन का हुआ सिग्नल ट्रायल। संवाद
आगरा। उत्तर प्रदेश मेट्रो रेल कॉरपोरेशन (यूपीएमआरसी) अगले पांच स्टेशनों पर मेट्रो का तीन चरणों में ट्राॅयल करेगा। इसमें भार, सिग्नल और हाईस्पीड ट्रायल होंगे। मेट्रो ट्रेन में यात्रियाें के वजन के बराबर रेत की बोरियां रखकर मेट्रो को दौड़ाएगा। यह स्टेशन एसएन मेडिकल कॉलेज, आगरा कॉलेज, राजमंडी, आरबीएस कॉलेज और आईएसबीटी होंगे।
यूपीएमआरसी के उपमहाप्रबंधक पंचानन मिश्रा ने बताया कि मनकामेश्वर से आईएसबीटी तक ट्रैक बन गया है। इस पर जल्द ट्रॉयल होने वाला हैं। इसमें ट्रैक की मजबूती को परखने के लिए मेट्रो में तय यात्रियों (78 यात्रियों की सिटिंग) के भार के बराबर रेत की बोरियां रखी जाएंगी। इसकी चरणबद्ध गति भी बढ़ाई जाएगी। इससे देखा जाएगा कि पूरे भार के वक्त ट्रैक में किसी तरह की कोई परेशानी तो नहीं आ रही है। सिग्नल ट्रायल में ये देखा जाएगा कि ट्रैन के सभी गेट खुल रहे हैं कि नहीं। संचालन के सभी सिग्नल सही तरीके से कार्य कर रहे हैं कि नहीं। हाईस्पीड ट्रायल में मेट्रो की गति 30 किमी प्रति घंटे से चरणबद्ध बढ़ाकर 90 किमी तक की जाएगी। तीनों ट्रायल में सबकुछ ठीक मिलने के बाद यात्रियों के लिए मेट्रो ट्रेन का संचालन शुरू हो जाएगा।
एमजी रोड से कई जगह से हटाई बैरिकेडिंग
- यूपीएमआरसी ने मेट्रो के दूसरे कॉरिडोर में कार्य पूरा होने पर चरणबद्ध बैरिकेडिंग हटा रहा है। दीवानी से सूरसदन की एक ओर से बैरिकेडिंग हटा दी है। इससे लोगों को राहत मिली है। इससे पहले राजामंडी, आगरा कॉलेज, प्रतापपुरा और माल रोड से भी बैरिकेडिंग हटाई है। यूपीएमआरसी के अधिकारियों का कहना है कि पिलर बनने के बाद चरणबद्ध बैरिकेडिंग हटाई जा रही है।