आगरा के मलपुरा में फर्जी और बिना नंबर प्लेट के खनन में लगे वाहनों के खिलाफ बुधवार सुबह से देर रात तक पुलिस, परिवहन व खनन विभाग की टीमों ने संयुक्त अभियान चलाया। इसमें 53 गाड़ियों को पकड़ा गया। इनमें ओवरलोडिंग के साथ ही फर्जी नंबर प्लेट, बिना नंबर प्लेट की गाड़ियां शामिल रहीं। पुलिस ने सैंया, इरादतनगर और मलपुरा थानों में खनन माफिया के खिलाफ धोखाधड़ी सहित अन्य धाराओं में मुकदमे दर्ज कराए गए हैं।
राजस्थान के कई जिलों से ट्रक, डंपर और लोडरों से मिट्टी, गिट्टी, डस्ट और बालू खनन की गाड़ियां गुजरती हैं। इनकी धरपकड़ के लिए शनिवार तड़के तीन बजे से पुलिस, आरटीओ और खनन पुलिस के अधिकारियों ने पुलिस बल के साथ सैंया, मलपुरा में रोहता चौराहे और इरादतनगर में अभियान चलाया।
आरटीओ (प्रशासन) प्रमोद कुमार सिंह ने बताया कि मलपुरा में मलपुरा इलाके में ककुआ चौकी के पास ही खनन के 19 वाहन पकड़े गए। अधिकांश ट्रक और डंपरों की नंबर प्लेट पर कालिख पोती गई थी या फिर इनके नंबर मिटा दिए गए थे। इसी तरह इरादतनगर में 27 गाड़ियां और सैंया में सात गाड़ियां पकड़ी गईं। एसपी ग्रामीण सत्यजीत गुप्ता ने बताया कि वाहनों की जांच का काम चल रहा है। इनमें अधिकांश पर कागजात नहीं हैं। 12 से अधिक चालकों को भी पकड़ा गया है। इन सभी के खिलाफ सैंया, मलपुरा और इरादत नगर थानों में धोखाधड़ी सहित अन्य धाराओं में मुकदमे दर्ज कराए जा रहे हैं। परिवहन की टीम में आरटीओ प्रवर्तन केडी सिंह, एआरटीओ ललित कुमार व वंदना सिंह, पीटीओ अमित वर्मा, एसके मिश्रा, डीके सिंह शामिल रहे।
आरटीओ ने बताया कि वाहनों की जांच का काम किया जा रहा है। इनके नंबरों का मिलान आरटीओ के डाटा बेस से किया जाएगा। इंजन-चेसिस नंबर भी चेक किए जाएंगे। अभी तक सैंया में सात गाड़ियों के चालान किए हैं। ताजगंज में दो गाड़ियां सीज हैं। इरादतनगर में 23 वाहनों के चालान किए गए हैं।