आगरा का मास्टर प्लान मार्च 2021 में लागू होना था, लेकिन इसे बनाने वाली प्राइवेट कंपनी रूद्र अभिषेक इंटरप्राइजेज नवंबर तक यह ड्राफ्ट तक तैयार नहीं कर पाई है। इससे पहले 26 सितंबर को भी कंपनी ने लखनऊ में ड्राफ्ट पेश किया था, जिसे वापस कर दिया गया था। अब फिर से शासन की आवास समिति ने मास्टर प्लान लौटा दिया है।
अमृत योजना में जीआईएस बेस मास्टर प्लान बनाया जाना था, जिसमें कंपनी फेल साबित हो रही है। कमेटी के सदस्यों ने मास्टर प्लान के बुनियादी सिद्धांतों के पालन न करने पर कंपनी और एडीए अधिकारियों से नाराजगी जाहिर की। अगले प्रस्तुतीकरण की तारीख शासन बाद में तय करेगा।
कंपनी बौर अधिकारियों की बैठक आज
लखनऊ में मास्टर प्लान के ड्राफ्ट में खामियों को जानने के बाद एडीए में नियोजन विभाग और मास्टर प्लान तैयार करने वाली कंपनी की आज बैठक बुलाई गई है। एडीए उपाध्यक्ष डॉ. राजेंद्र पैंसिया ने बताया कि ड्राफ्ट में जो संशोधन बताए गए हैं, उन्हें करने के बाद फिर से कमेटी के सामने पेश किया जाएगा। कंपनी और एडीए नियोजन विभाग के अधिकारियों के साथ मंगलवार को इस पर चर्चा होगी।