पीड़ित युवती ने आरोप लगाया था कि दो महीने पहले लाल सिंह से मिस्ड कॉल से दोस्ती हुई थी। उसने आशा की नौकरी लगवाने का आश्वासन दिया। अपने संबंध क्षेत्रीय विधायक से बताए थे। ब्लॉक प्रमुख ने 21 दिसंबर 2021 को उसे आगरा बुलाया। फार्म हाउस में ले जाकर उसके साथ तीनों ने सामूहिक दुष्कर्म किया। मोबाइल से वीडियो भी बना लिया।
आरोपी ब्लॉक प्रमुख ने अगले दिन वीडियो भेजकर वायरल करने की धमकी दी थी। दोबारा बुलाकर उसके साथ दुष्कर्म किया। एक बार फिर उसे धमकी देकर बुलाया गया था। इस बार होटल में ले जाकर दुष्कर्म किया। पुलिस ने सोमवार तड़के लाल सिंह को गिरफ्तार कर लिया था। उसे जेल भेजा गया था। देव और जितेंद्र घरों से फरार हैं।
युवती के बयान की हुई जांच
थाना ताजगंज के प्रभारी निरीक्षक भूपेंद्र कुमार बालियान का कहना है कि युवती के कोर्ट में दिए बयान का अवलोकन किया गया। उसने अपने बयान में एफआईआर में लिखी बात का समर्थन किया है। उसने यह भी बताया कि वह अनुसूचित जाति से है। इस पर उससे जाति संबंधी प्रमाण पत्र मांगे गए हैं। प्रमाण पत्र मिलने पर मुकदमे में एससी एसटी एक्ट भी लगाया जाएगा। विवेचना सीओ स्तर से की जाएगी।
उधर, फरार आरोपी देव और जितेंद्र की तलाश में उनके घरों पर दबिश दी थी। मगर, वहां पर ताले लटके हुए मिले। पड़ोसी भी कुछ नहीं बता सके। अब उनके परिचित और रिश्तेदारों के बारे में जानकारी जुटा रही है। आसपास के जिलों में भी पुलिस दबिश दे रही है। सर्विलांस की भी मदद ली जा रही।