मंडलायुक्त अनिल कुमार ने कोरोना संक्रमण के दौरान बचाव और राहत कार्यों की समीक्षा बैठक में कहा कि औद्योगिक इकाइयों ने अभी तक श्रमिकों को भुगतान करने की सूचना नहीं दी है। निर्देश दिया कि जो औद्योगिक इकाइयां श्रमिकों को भुगतान नहीं कर रही हैं उनके विरुद्ध एफआईआर करवाएं।
अपर निदेशक स्वास्थ्य को निर्देश दिए कि लेवल प्रथम के सेंटर तत्काल शुरू कराएं और वेंटिलेटर भी चालू कराए जाएं। खाद्य उपायुक्त ने जानकारी दी कि मंडल के जिलों में 17,03,654 कार्ड धारकों को राशन वितरण हो चुका है। 17,692 नए राशन कार्ड बनवाए गए हैं।
15 अप्रैल को पांच किलो निःशुल्क चावल का वितरण होगा। उज्ज्वला योजना में 1,21,144 लाभार्थियों को गैस सिलिंडर निःशुल्क दिए गए। उप निदेशक पंचायत ने बताया कि गांवों में आने वाले 25,484 बाहरी मजदूरों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया।
मंडल में चलने वाले कारखानों की ओर से 57,618 श्रमिकों को मार्च के वेतन का भुगतान किया गया। लेकिन, बड़ी औद्योगिक इकाइयों ने अभी भुगतान की सूचना नहीं दी है। मंडल में पंजीकृत पटरी दुकानदार, रिक्शा, तांगा चालक, पल्लेदारी करने वाले 32,596 को एक-एक हजार रुपए भुगतान किया गया।
पास के लिए उपायुक्त उद्योग को नोडल अधिकारी बनाया
जिलाधिकारी पीएन सिंह ने लॉकडाउन अवधि में अनुमन्य औद्योगिक इकाइयों के संचालन के लिए पास निर्गत करने के लिए उपायुक्त उद्योग को नोडल अधिकारी नामित किया है। एडीएम फाइनेंस के साथ वह समन्वय करके काम करेंगे। साथ ही यह देखेंगे कि इकाई में अनुमानित उत्पाद का ही उत्पादन हो और सामाजिक दूरी का पालन हो। बैठक में सभी विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।