आगरा कैंट, मथुरा जंक्शन स्टेशन समेत देश के ए और ए वन श्रेणी के 400 स्टेशन बहुमंजिला बनाए जाएंगे। पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप के तहत स्टेशनों को विकसित किया जा रहा है।
इनमें लिफ्ट, एस्केलेटर, फूड प्लाजा, होटल, रेस्टोरेंट, लाइब्रेरी, रिटायरिंग रूम जैसी सुविधाएं स्टेशनों पर मिलेंगी। प्लेटफार्म से खानपान के स्टाल हटाए जाएंगे। पहले चरण के 25 स्टेशनों में हबीबगंज (भोपाल), गांधीनगर स्टेशन शामिल हैं। रेलवे बोर्ड के चेयरमैन एके मित्तल ने शनिवार को आगरा कैंट स्टेशन पर यह जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि स्टेशनों को पांच से दस मंजिला तक बनाए जाने का प्रस्ताव है। अगले तीन माह में 25 और स्टेशनों को इस सूची में शामिल किया जाएगा। इनमें हबीबगंज में 300 करोड़ रुपये से स्टेशन से संवारा जाएगा। इसी तरह दिल्ली के आनंद विहार और बिजवाशन स्टेशनों को 600 से एक हजार करोड़ रुपये की लागत से विकसित किए जाने का प्रस्ताव है।
बिजवाशन स्टेशन दस मंजिला तक बनाया जाएगा। इनमें स्टेशनों की प्रवेश और निकास द्वार भी अलग होंगे। इससे स्टेशनों का स्वरूप पूरी तरह बदल जाएगा। चेयरमैन ने बताया कि 23 स्टेशनों के टेंडर मई-जून तक और 25 स्टेशनों के टेंडर दिसंबर तक होंगे। पहले फेज में टेंडर का काम पूरा होने के बाद प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी।
आगरा कैंट स्टेशन पर गर्मी में पानी की समस्या पर उनका कहना था कि ठंडे पानी की उपलब्धता बढ़ाने के लिए वाटर कूलरों की संख्या बढ़ाई जाएगी। उन्होंने कहा कि स्वच्छता के मामले में आगरा डिवीजन के स्टेशनों की हालत में सुधार आया है।
हाल ही में देशभर के स्टेशनों की स्वच्छता रैंकिंग में आगरा के स्टेशनों ने पिछली रैंकिंग से काफी सुधार किया है। इस मौके पर उत्तर मध्य रेलवे के महाप्रबंधक मूलचंद्र चौहान, डीआरएम रंजन यादव, एडीआरएम डीके सिंह, वाणिज्य प्रबंधक झांसी नीरज भटनागर, वाणिज्य प्रबंधक आगरा डा. संचित त्यागी आदि मौजूद रहे।