लापरवाही पांच : जनसुनवाई में फिसड्डी प्रशासन
जन शिकायतों को लेकर प्रशासन गंभीर है, न सरकारी विभाग। प्रार्थनापत्रों का गुणवत्ता पूर्ण निस्तारण नहीं होता। एक-एक शिकायत के लिए फरियादियों को दस-दस चक्कर काटने पड़ते हैं। पिछले चार महीने से जिले में संपूर्ण समाधान दिवस बंद है। आईजीआरएस पोर्टल पर शिकायतों के निस्तारण में खानापूरी हो रही है। फरवरी में जनसुनवाई में आगरा प्रदेश में सबसे फिसड्डी 75वें पर स्थान पर रहा। इस शर्मनाक स्थिति के बाद भी अफसर नहीं संभल रहे। उधर, जनशिकायतों का तहसील से लेकर कलक्ट्रेट, नगर निगम, पुलिस थानों में अंबार लगा है। जनसुनवाई में प्रशासनिक अधिकारियों की लापरवाही से पीड़ित दर-दर भटकने को मजबूर हैं।
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