आगरा के केंद्रीय हिंदी संस्थान रोड पर कार मौत बनकर दौड़ी। एक के बाद एक सात लोगों को कार ने रौंद दिया। पांच लोगों की मौत हो गई। इसके बाद कार एक पेड़ से टकराकर रुक गई। यदि कार न रुकती, तो कई जान और चली जातीं।
आगरा के नगला बूढ़ी की रहने वाली बबली की 12 साल की बेटी गुनगुन भी घटना के समय माैके पर माैजूद थी। उसने बताया कि वह अपनी सहेली के साथ बाजार जा रही थी। मां काम करने के बाद घर की तरफ आ रही थीं। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि कार को चालक तकरीबन 70 से 80 की रफ्तार में दाैड़ा रहा था। वह डिवाइडर से टकराने के बाद कई बार पलटी। इसके बाद प्रेमचंद के घर के बाहर बैठे लोगों पर गिर गई। वहां पर एक पेड़ भी था। कार पेड़ से टकराकर रुकी। अगर पेड़ नहीं होता तो नाला पार करके घर में भी घुस सकती थी। इससे से और भी लोग चपेट में आ जाते। टक्कर से एक स्कूटर भी नाले में जा गिरा। ब्यूरो
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आगरा हादसा।
- फोटो : संवाद
लोगों में फैला आक्रोश
नगला बूढ़ी में कार की टक्कर से पांच लोगों की माैत और चार के घायल होने की घटना के बाद क्षेत्र की महिलाएं और पुरुष आक्रोशित हो गए। उन्होंने आरोप लगाया कि ठेकों के बाहर खुले में शराब पिलाई जाती है। पुलिस की कोई रोक नहीं है। लोग ठेकों को बंद करने की मांग पर अड़ गए। इसके लिए केंद्रीय हिंदी संस्थान रोड पर जाम लगा दिया। सूचना पर हरीपर्वत सर्किल के थानों की फोर्स पहुंची। लोग पीड़ित परिवारों के लिए मुआवजे की मांग भी करने लगे। पुलिस ने लाठियां चलाकर लोगों को तितर-बितर किया।
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- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
डर की वजह से दौड़ाई कार
महिलाओं का कहना था कि ठेकों पर सुबह से ही लोगों का जमघट लग जाता है। लोग शराब खरीदने के बाद ठेकों के बाहर ही पीने लगते हैं। इससे आते-जाते लोगों को परेशानी होती है। कई बार इसकी शिकायत भी की गई। पुलिस खानापूर्ति करके चली जाती है। जिस समय घटना हुई, उस समय भी पुलिस आई थी। हादसा करने वाला चालक भी किसी ठेके पर था।
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- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
पुलिस के पहुंचने पर पकड़ने जाने के डर से कार को दाैड़ा दिया। कई लोगों को टक्कर मारने के बाद कार डिवाइडर से टकरा गई और पलट गई। चालक ने सीट बेल्ट लगा रखी थी। एयरबैग खुलने से उसकी जान बच गई। उसे लोगों ने ही कार के शीशे तोड़कर बाहर निकाला। क्षेत्र के लोगों ने मृतक परिवारों के लिए मुआवजे की भी मांग की।
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कई थानों का फोर्स पहुंचा
उन्हें समझाने के लिए अपर पुलिस उपायुक्त आदित्य सिंह, एसीपी हरीपर्वत अक्षय संजय महाडिक सर्किट के थानों की फोर्स के साथ पहुंच गए। उन्होंने लोगों को समझाने का प्रयास किया। मगर नारेबाजी होने लगी। महिलाएं सड़क पर आ गईं। जाम लगा दिया। पुलिस से भी खींचतान होने लगी। इस पर पुलिस ने लोगों को दाैड़-दाैड़ाकर लाठियां चलाईं और लोगों को भगाया।
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हिरासत में चालक
थाना प्रभारी निरीक्षक न्यू आगरा ने बताया कि कार चालक 11 राजदीप एन्क्लेव, दयालबाग निवासी अंशुल गुप्ता है। उसे हिरासत में ले लिया है। वह अभी कुछ भी बताने की स्थिति में नहीं है। उसके पूरी तरह से होश में आने के बाद ही पूछताछ की जाएगी।
घटनास्थल और पोस्टमार्टम पर लगाई पुलिस
घटना के बाद नगला बूढ़ी और पोस्टमार्टम गृह पर पुलिस तैनात कर दी गई। लोग दोनों जगह पर ही बड़ी संख्या में पहुंचे हुए थे। मोहल्ले में भी पुलिस ने एनाउंस करके समझाया। कहा कि हादसे के बाद पुलिस कार्रवाई कर रही है। किसी तरह लोग कानून अपने हाथ में न लें।