कासगंज। तहसील में व्याप्त भ्रष्टाचार, तहसीलदार एवं नायब तहसीलदार की तानाशाही के विरोध में अधिवक्ताओं की हड़ताल दो माह से जारी है। अधिवक्ता जिलाधिकारी से तहसीलदार व नायब तहसीलदार के स्थानांतरण की मांग पर अड़े हैं। समस्या का समाधान नहीं होने से उनका भी लगातार आक्रोश बढ़ रहा है। सोमवार को उन्होंने विरोध प्रदर्शन के दौरान नारेबाजी कर अपना आक्रोश प्रदर्शित किया। उनकी हड़ताल को जनपद न्यायालय के अधिवक्ता भी समर्थन दे चुके हैं।बार के महासचिव चेतन चौहान ने कहा कि जिला प्रशासन अधिवक्ताओं की समस्याओं का समाधान नहीं कर रहा है। तहसील में भ्रष्टाचार व्याप्त है। अधिकारियों पर कोई अंकुश नहीं है। वे तानाशाही पर आमादा हैं। अधिवक्ताओं की इस हड़ताल में बैनामा लेखक भी शामिल हैं। इससे बैनामा का कामकाज भी प्रभावित हो रहा है। वादकारियों को भी दिक्कतें हो रही हैं। उन्होंने कहा कि जल्द समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन तेज होगा। जिला प्रशासन इसके लिए जिम्मेदार होगा। जिला न्यायालय में अधिवक्ताओं ने सोमवार को प्रदर्शन करते हुए नारेबाजी की। वरिष्ठ अधिवक्ता सत्येंद्र पाल सिंह बैस ने कहा कि भ्रष्टाचार से हर कोई परेशान है। तहसील में भ्रष्टाचार चरम पर होने के कारण शासन की छवि भी धूमिल हो रही है। उन्होंने कहा कि शीघ्र समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन और बढ़ाया जाएगा।