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अधिवक्ता हत्याकांड: गुत्थी सुलझाने में पुलिस फेल

Tue, 17 Sep 2024 02:20 AM IST
आगरा ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा
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कासगंज। अधिवक्ता मोहिनी तोमर हत्याकांड में पुलिस 13 दिन बाद भी अनसुलझे रहस्यों की गुत्थी को नहीं सुलझा सकी है। इस हत्याकांड में पुलिस अब तक आठ आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद भी कई सवालों के जवाब देने में असमर्थ दिख रही है। पुलिस की मानें तो अन्य दो फरार आरोपी ही इस केस के सभी छिपे रहस्यों का पर्दाफाश कर सकेंगे। पुलिस इन दोनों शातिर आरोपियों की तलाश में अन्य राज्यों में भी दबिश दे रही है।बता दें कि 3 सितंबर को लापता होने के बाद अधिवक्ता मोहिनी तोमर का शव 4 सितंबर को रेखपुर माइनर में मिला था। पति ब्रजतेंद्र तोमर ने छह नामजद आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया। पुलिस ने सभी छह आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। वहीं पुलिस की तफ्तीश में कुछ अन्य आरोपियों की संलिप्तता भी सामने आई। मिले साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने दो अन्य आरोपी रेनू और बॉबी को गिरफ्तार कर कर लिया था। वहीं अभी दो अन्य आरोपी सुनील उर्फ फौजी और रजत सोलंकी फरार हैं। अभी तक आठ आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद भी पुलिस कई सवालों के जवाब तलाश नहीं कर सकी है। अब तक हत्या के कारण में सिर्फ मुकदमे की रंजिश ही सामने आई है, लेकिन यह कौन से मुकदमे थे, क्या यह मुकदमे इतने महत्वपूर्ण थे कि इसमें अधिवक्ता की हत्या करा दी जाए, मोहिनी की हत्या किस तरह की गई, उसके कपड़े किसने उतारे, उसका मोबाइल कहां है, पोस्टमार्टम रिपोर्ट में उसकी मौत का कारण स्पष्ट क्यों नहीं है, पोस्टमार्टम रिपोर्ट में उसका शव दो से तीन दिन पुराना दिखाया गया है तो जबकि पुलिस के अनुसार लापता होने के 24 से 26 घंटे में अधिवक्ता मोहिनी तोमर का शव माइनर में पड़ा मिला था। सवाल उठ रहा है कि इसे दो से तीन पुराना होने की बात कैसे की गई। वहीं, गिरफ्तार युवती रेनू की मोहिनी से कोई अदावत थी या उसे सिर्फ बुलाने के लिए इस्तेमाल किया गया, इस हत्याकांड में मास्टरमाइंड कौन है, किसने आरोपियों से हत्या कराई, पहले से नामजद गिरफ्तार छह आरोपियों की इस केस में क्या भूमिका निकली। यह सारे सवाल ऐसे हैं जो कि हर किसी की जुबां पर हैं और पुलिस से इन सवालों का सभी जवाब चाहते हैं। वहीं पुलिस की मानें तो अन्य दोनों फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद ही सारे सवालों के जवाब सामने आ सकेंगे। इन आरोपियों की तलाश में पुलिस फिलहाल कासगंज के साथ एटा, हाथरस, अलीगढ़ सहित अन्य जनपदों के साथ दिल्ली, हरियाणा में भी लगातार दबिश दे रही है।
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