मैनपुरी। दीवानी कचहरी के वकीलों ने मंगलवार को भी न्यायालयों में कार्य बहिष्कार करके धरना दिया। नारेबाजी करके भ्रष्टाचार को रोकने की मांग की। धरना देने के बाद बार एसोसिएशन के सभागार में हुई बैठक में 10 सितंबर तक कार्य बहिष्कार जारी रखने का निर्णय लिया गया।
मंगलवार को बार एसोसिएशन के सभागार में एकत्रित होने के बाद एसोसिएशन के अध्यक्ष सौरभ यादव, सचिव संतोष यादव राजू के नेतृत्व में नारेबाजी करते हुए वकील जिला जज न्यायालय परिसर में पहुंचे। जिला जज न्यायालय परिसर में दोपहर 12 बजे तक धरना देने के बाद सीजेएम न्यायालय परिसर में दोपहर दो बजे तक धरना दिया।
अधिवक्ता राधा यादव ने कहा कि दीवानी के वकीलों ने भ्रष्टाचार के खिलाफ संघर्ष शुरू करके सराहनीय पहल की है। मैनपुरी के वकीलों के आंदोलन को पड़ोसी जिलों के वकीलों का समर्थन मिलता जा रहा है। बार काउंसिल ऑफ उत्तर प्रदेश ने भी भ्रष्टाचार के खिलाफ शुरू की गई लड़ाई पर संज्ञान लेकर अपना समर्थन दिया है।
अध्यक्ष सौरभ यादव ने कहा कि मांगें पूरी नहीं होने तक आंदोलन जारी रहेगा। 12 सितंबर की बैठक में आंदोलन को व्यापक और प्रभावी बनाने की रणनीति बनाई जाएगी। सचिव संतोष यादव ने कहा कि वकीलों के आंदोलन को पीठासीन अधिकारी गंभीरता से नहीं ले रहे हैं। पेशी जैसी अन्य कुरीतियों के खिलाफ जरूरत पड़ने पर हाईकोर्ट की शरण ली जाएगी। धरने के बाद बार एसोसिएशन के सभागार में आमसभा की हुई बैठक में 10 सितंबर तक कार्य बहिष्कार जारी रखने का निर्णय लिया गया। विनीता भदौरिया, अनुपम सिंह, नाजिया बेगम, नीलम शाक्य, रचना सिंह, संजना चौहान, रीता नैयर, ब्रजेंद्र सिंह यादव, विनीत निगम, जीतू राजपूत, मोहम्मद उमैर, अनिल यादव, अजीतकंात मिश्रा, सत्यराम सिंह यादव, राघवेंद्र कश्यप, गगन तिवारी, गोपाल शुक्ला मौजूद रहे।
पड़ोसी जिलों से मिला समर्थन
वकीलों के आंदोलन को पड़ोसी जिलों के वकीलों का भी समर्थन मिला है। मंगलवार को धरना स्थल पर पहुंचे आगरा, इटावा, फर्रुखाबाद बार एसोसिएशन के अध्यक्ष और सचिव ने समर्थन देकर आंदोलन में हर कदम पर साथ देने का आश्वासन दिया। तहसील भोगांव, घिरोर और किशनी बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने भी समर्थन पत्र दिया।