फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

अभिवावक ध्यान दें: प्राइवेट स्कूलों की मनमानी पर सख्ती, किताब और यूनिफॉर्म को लेकर जारी किए नए निर्देश

Mon, 31 Mar 2025 10:00 AM IST
धीरेन्द्र सिंह अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा

सार

प्राइवेट स्कूलों द्वारा स्टूडेंट्स और अभिभावकों पर किताबें, यूनिफॉर्म और अन्य चीजें विशेष वेंडर से खरीदने के लिए दबाव बनाने वालों के खिलाफ सख्त दिशा-निर्देश जारी किए हैं। साफ कहा गया है कि अगर कोई भी स्कूल आदेश का पालन नहीं करता तो उसकी मान्यता समाप्त कर दी जाएगी। 
विज्ञापन
किताबें।
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

किताबों और यूनिफाॅर्म निर्धारित दुकानों से ही खरीदने के लिए विवश करने की शिकायत का मुख्य विकास अधिकारी प्रतिभा सिंह ने संज्ञान लिया है। उन्होंने शासन के निर्देशों का उल्लंघन करने पर विद्यालयों की मान्यता समाप्त कराने की चेतावनी दी है। उन्होंने स्कूल संचालकों-प्रबंधकों को पत्र जारी किया है। जिलाधिकारी और जिला विद्यालय निरीक्षक को पत्र की प्रतिलिपि भेजी है।
विज्ञापन


प्रोगेसिव एसोसिएशन आफ पैरेंटस अवेयरनेस के राष्ट्रीय संयोजक दीपक सिंह सरीन और अभिभावक संघ, श्री बांके बिहारी एजुकेशनल सोसाइटी के संरक्षक डाॅ. मदन मोहन शर्मा ने शिकायत की थी। इसमें कहा था कि अभिभावकों को स्कूल प्रबंधन की ओर से निर्धारित दुकान से ही पाठ्यपुस्तक और यूनिफाॅर्म खरीदने के लिए विवश किया जा रहा है।

 

विद्यालय प्रबंधक और प्रधानाचार्य शिक्षा का अधिकार अधिनियम का उल्लंघन कर रहे हैं। शासन की ओर से निर्धारित पाठ्यपुस्तकों के स्थान पर अपनी मनमर्जी से प्राइवेट पब्लिशर्स की किताबें विद्यालयों में लगाकर अभिभावकों का शोषण कर रहे हैं। मुख्य विकास अधिकारी प्रतिभा सिंह ने पत्र जारी कर कहा है कि निशुल्क एवं अनिवार्य शिक्षा का अधिकार अधिनियम 2009 और राज्य सरकार की ओर से निशुल्क एवं अनिवार्य शिक्षा का अधिकार नियमावली 2011 में प्रावधान किए गए गए हैं। इनका प्राइमरी और जूनियर हाईस्कूल में पालन करना होगा।

ये भी पढ़ें -  रूफटॉप में बवाल: गर्लफ्रेंड संग आए जूता कारोबारी के बेटे ने दो दोस्तों को पीटा, फिर तानी पिस्टल...मचा हड़कंप




 
विज्ञापन

ये दिए निर्देश
- विद्यालय किसी भी व्यक्ति, व्यक्तियों के समूह अथवा एसोसिएशन को लाभ पहुंचाने के लिए संचालित नहीं किया जाएगा।
- मान्यता प्राप्त विद्यालय में बेसिक शिक्षा परिषद से निर्धारित पाठ्यक्रम या पाठ्य पुस्तकों से भिन्न पाठ्यक्रम में न तो शिक्षा दी जाएगी और न ही पाठ्य पुस्तकों का उपयोग किया जाएगा।
- विद्यालय के भवनों और परिसरों को किसी भी दशा में व्यावसायिक एवं आवासीय उद्देश्यों के लिए दिन और रात में प्रयोग नहीं किया जाएगा।
- अशासकीय प्राथमिक और जूनियर हाईस्कूल के संदर्भ में निर्गत शासनादेश 26 सितंबर 2023 में प्रावधानों का अनुपालन करें। नियमों और शासनादेश के उल्लंघन की शिकायत प्राप्त होने पर मान्यता प्रत्याहरण की कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें