मैनपुरी। डकैती के एक मामले में गवाहों को पैरवी न करने और समझौता करने के लिए धमकाया गया। पीड़ित इतना डर गया कि उसने परिजन को भी कुछ नहीं बताया। गवाही की तारीख पास आने पर भाई को जानकारी दी। जिसके बाद कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया गया है।
कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला मिश्राना निवासी अजय सोलंकी ने बताया कि वर्ष 2016 में हुई एक डकैती के मामले में मुकदमा न्यायालय में चल रहा है। गवाही के लिए इसमें 21 फरवरी की तारीख दी गई है। मुख्य आरोपी सुभाष सक्सेना निवासी मोहल्ला मिश्राना हैं। एक दिसंबर 2024 की शाम को सुभाष अपने पुत्र मयंक सक्सेना, भाई शरद सक्सेना के साथ उनके भाई संजय सोलंकी दुकान पर आए। सुभाष ने भाई को धमकी दी। कहा कि अदालत में अगर तारीख पर तुम और तुम्हारा भाई अगर गवाही देगा तो हमें जेल जाना पड़ेगा। समझौता कर लो, नहीं तो तुम सब को मार देगा। धमकी के बाद भाई इस कदर डर गए कि किसी को कुछ नहीं बताया। 15 फरवरी जब उन्होंने भाई से वकील के पास चलने की बात कही तो धमकी के बारे में बताया। दुकान में घुसकर धमकाने का सीसीटीवी फुटेज भी उनके पास है। अगर उनके व भाई के साथ कोई घटना होती है तो उक्त लोग ही जिम्मेदार होंगे। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। संवाद