आगरा। अपराधों को रोकने में नाकाम आगरा पुलिस अभियुक्तों की गिरफ्तारी में भी फिसड्डी है। हीनियस क्राइम मॉनीटरिंग सिस्टम में 31 जनवरी तक के डाटा के अनुसार, प्रदेशस्तरीय आंकड़ों में हत्या और लूट के सबसे ज्यादा फरार अभियुक्त आगरा के हैं।
‘हीनियस क्राइम मॉनीटरिंग सिस्टम’ में 31 जनवरी तक फीड किए गए डाटा के मुताबिक, आगरा जोन में 514 हत्यारोपी पुलिस पकड़ से दूर हैं। दूसरे नंबर पर लखनऊ जोन है, जहां से 390 हत्यारोपी फरार हैं। मेरठ जोन में 375 हत्यारोपी पुलिस की पकड़ से दूर हैं। इसके अलावा 35 लुटेरे फरार हैं। हालांकि बलात्कार के मामलों में फरार 61 आरोपियों के साथ आगरा तीसरे नंबर है। सबसे अधिक 120 मामले लखनऊ के हैं। मेरठ जोन 26 बदमाशों की फरारी के साथ दूसरे स्थान पर है। इसके अलावा मेरठ जोन से 45, गोरखपुर से 46, बरेली और वाराणसी से 38-38 दुराचारी फरार चल रहे हैं। डकैती के मामलों में फरार 53 बदमाशों की संख्या लेकर सूबे में मेरठ जोन दूसरे और 84 के साथ बरेली पहले स्थान पर है।
धरपकड़ के लिए अभियान
फरार अपराधियों की तादाद देखते हुए डीजीपी एसी शर्मा ने नाराजगी जताई है। उन्होंने एक माह तक अभियान चलाकर शातिरों की गिरफ्तारी के लिए सभी जनपदों के पुलिस कप्तानों को आदेश दिए हैं। पांच फरवरी से शुरू हुआ यह अभियान पांच मार्च तक चलेगा।