एटा। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना का लाभ लेने से कोई पात्र किसान नहीं छूटना चाहिए। शासन से आए निर्देशों के बाद कृषि विभाग किसानों को ढूंढ ढूंढ कर योजना का लाभ दे रहे हैं। योजना के चलते ही करीब एक लाख ऐसे किसान जो अब तक विभाग में पंजीकृत ही नहीं थे उनका भी पंजीकरण कर लिया गया है।
किसान सम्मान निधि योजना में जिलेभर के अब तक 1.61 लाख किसानों का पंजीकरण हो चुका है। इनमें 96 हजार नए किसानों को जोड़ा गया है। योजना में सात मार्च तक जिले के किसानों को पोर्टल पर पंजीकृत करना चुनौती साबित हो रहा है। अभी तक जिले में करीब 1.5 लाख किसान पंजीकरण के लिए शेष बचे हुए हैं।
अगर एक भी पात्र किसान योजना का लाभ लेने से वंचित हुआ तो जिम्मेदारों के खिलाफ कार्रवाई होना तय है। शासन के निर्देशों का अनुपालन करने में प्रशासन सहित कई विभागों के अधिकारी और कर्मचारियों की नींद उड़ी है। जिले भर में 60-65 कंप्यूटरों पर डाटा फीडिंग का कार्य दिन रात चल रहा है। इसके बावजूद भी किसानों की संख्या कम नहीं हो रही है।
पहले से पंजीकृत 2.20 लाख किसानों में से 70 हजार किसानों का ही डाटा फीड हो सका जबकि 96 हजार नए किसान सामने आ गए हैं। इनको पहले वरीयता दी गई है।
किसान सम्मान निधि योजना में अब तक 1.61 लाख किसानों का डाटा फीडिंग कराया जा चुका है जिनमें 96 हजार किसान नए भी जुड़ गए हैं। शासन के निर्देशों का पालन किया जा रहा है ताकि एक भी किसान छूट ना पाए। सात मार्च तक फीडिंग का कार्य पूर्ण करना है।
- विजय शंकर, उप कृषि निदेशक