मथुरा। छह दिन से चल रहे गुर्जर आंदोलन से करोड़ों का कारोबार ठप हो गया। सूरत, वड़ोदरा व अन्य शहरों से आवागमन बंद होने से व्यापारी खासे परेशान हैं। इस समय वैसे भी सहालग चल रहे हैं। छह दिन से राजस्थान के सवाई माधोपुर में गुर्जर आंदोलन कर रहे हैं। इसके साथ ही जयपुर व आसपास की सड़कें भी बंद कर दी गई हैं।
मथुरा में जयपुर से बर्तन व कपड़ा मंगाया जाता है, वहीं सूरत से साड़ी व वड़ोदरा से कपड़ा व साड़ी आदि मंगवाई जाती हैं। इसके चलते कारोबार प्रभावित हो रहे हैं। वहीं रेलवे से सूरत, वड़ोदरा कोटा को भेजी जाने वाली पूजा सामग्री के पार्सल नहीं पहुंच पा रहे, वहीं सूरत वड़ोदरा से कपड़े की गांठ नहीं आ पा रहीं। सलेक्शन वूमेन पैराडाइज के संजय अग्रवाल बताते हैं कि मथुरा में साड़ी की 5000 दुकानें हैं।
ज्यादातर साड़ियां सूरत व आसपास के जिलों से आती हैं। माल की कमी होने लगी है। जिले में करोड़ों के काम प्रभावित हो रहे हैं। रेलवे पार्सल प्रभारी पीके गौतम ने बताया कि आंदोलन के चलते 90 से 100 पार्सल का जाना आना कम हो गया है।
14 ट्रेनें रद्द, तीन को बदले मार्ग से चलाया
मथुरा। छह दिन से राजस्थान में गुर्जरों द्वारा आरक्षण की मांग को लेकर किए जा रहे आंदोलन के चलते मथुरा से गुजरने वाली 14 ट्रेन रद्द रहीं, वहीं तीन ट्रेनों को बदले हुए मार्ग से चलाया गया। ट्रेनों के रद्द रहने से कोटा राजस्थान की ओर जाने वाले यात्री खासे परेशान रहे।
60 ने रिजर्वेशन कराए रद्द, 56 हजार लौटाए
मथुरा। गुर्जर आंदोलन के चलते रेलवे जंक्शन रिजर्वेशन काउंटर से 60 यात्रियों ने रिजर्वेशन रद्द कराए। इस पर रेलवे ने 56 हजार रुपये यात्रियों को वापस किए।