मैनपुरी। थाना कुरावली क्षेत्र में छह साल पहले युवक की हत्या करके बाइक और नगदी लूटने के मामले में चार व्यक्तियों को अदालत ने दोषी पाया है। एफटीसी/ स्पेशल जज डकैती ने दोषी पाने के बाद इन्हें जेल भेजवा दिया है। 18 नवंबर को जेल से लाकर सजा सुनाई जाएगी।
थाना कुरावली के गुलाबपुर निवासी विनय कुमार 4 नवंबर 2011 की रात आठ बजे बाइक से अपने चाचा नेत्रपाल के साथ कुरावली से गांव जा रहा था। कूकामई के पास काली नदी पुल पर पहले से मौजूद गांव के देवेंद्र सिंह, लालू, राहुल, रिंकी ने विनय को रोक लिया। उसकी हत्या करने के बाद बाइक, 10 हजार रुपये, मोबाइल, एटीएम कार्ड लूट लिया था।
हत्या की रिपोर्ट विनय के पिता सरनाम सिंह ने इन्हीं चारों लोगों के खिलाफ दर्ज कराई थी। पुलिस ने चारों को जेल भेजकर आरोपपत्र अदालत में दाखिल किया। मुकदमे की सुनवाई एफटीसी/स्पेशल जज डकैती आनंद कुमार सिंह की अदालत में की गई।
गवाही के आधार पर चारों लोगों को हत्या करके लूट का दोषी पाया गया। सहायक शासकीय अधिवक्ता अनूप कुमार यादव ने आरोपियों को कड़ी सजा देने की दलील दी। स्पेशल जज ने चारों को दोषी पाए जाने के बाद हिरासत में लेकर जेल भेज दिया है। उनको 18 नवंबर को जेल से लाकर सजा सुनाई जाएगी।
विनय की हत्या के आरोप में पिता सरनाम ने गांव केे चार लोगों के ही खिलाफ रिपोर्ट लिखाई। कुरावली पुलिस ने जांच के दौरान थाना कोतवाली के नगला मूले निवासी गोरेलाल तथा शिवराज को भी हत्या और लूट में शामिल होने का आरोपी बताकर उनके खिलाफ भी चार्जशीट लगाई थी। अदालत में सुनवाई के दौरान गोरेलाल तथा शिवराज के खिलाफ गवाही नहीं आने पर अदालत से उनको आरोप से बरी कर दिया है।
विनय की हत्या जमीन की रंजिश में हुई थी। अदालत में हुई गवाही से पता चला हत्यारोपी रिंकी के पिता राकेश ने कई साल पहले अपनी जमीन का बैनामा विनय की मां के नाम कर दिया था। जिससे विनय रंजिश मानने लगा था। रंजिश के चलते रिंकी ने साथियों से मिलकर विनय की हत्या की थी।