फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

ताजनगरी में जगह-जगह सड़कों की खोदाई से 80 करोड़ का नुकसान, जुर्माना महज एक करोड़ रुपये

Wed, 11 Dec 2019 12:09 AM IST
मुकेश कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
विज्ञापन
बसई चौकी से शिल्पग्राम जाने वाला मार्ग काफी दिनों से बंद है। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
आगरा नगर निगम ने पांच साल से पहले सड़कों की खोदाई पर रोक लगा रखी है, लेकिन शहर की 80 करोड़ की लागत से बनी नई सड़कों, इंटरलाकिंग टाइल्स से बनी गलियों, सीसी रोड को खोदाई कर बुरी तरह से नुकसान पहुंचाया जा रहा है। 
विज्ञापन


मानकों का पालन न तो खोदाई के वक्त किया जा रहा है और न ही खोदाई पूरी करने के बाद। मरम्मत की जगह कंपनियां और जल निगम केवल औपचारिकता निभा रहे हैं। सड़कों की खोदाई से नगर निगम को 80 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है।

शहर में जयपुर हाउस, प्रताप नगर, मानस नगर, कला कुंज, विनय नगर, श्याम नगर, बोदला, आवास विकास, शांति पुरम जैसे क्षेत्रों में सड़कों, गलियों की खोदाई की जा रही है। शहर में सीवर, पानी, टेलीकॉम, बिजली और गैस कंपनियों की खोदाई के कारण करीब 80 करोड़ रुपये की सड़कों की खोदाई हुई है। 
विज्ञापन


इन्हें पांच सालों के अंदर अवस्थापना निधि, वित्त आयोग और नगर निगम के अपने फंड से बनवाया गया था, जबकि कंपनियों पर जुर्माना महज एक करोड़ ही लगाया गया। इनमें टोरंट पावर और ग्रीन गैस पर ही ज्यादा जुर्माना है, जबकि टेलीकॉम कंपनियों पर निगम के अफसर कार्रवाई नहीं कर सके।
Trending Videos

शाहगंज, बोदला क्षेत्र में हर सड़क की खोदाई

जल निगम वेस्टर्न जोन में अर्जुन नगर, भोगीपुरा, शहीद नगर, मानस नगर समेत इस इलाके में 251 किमी लंबी सीवर लाइन डाल रहा है, जिसके लिए अंधाधुंध तरीके से सड़कों की खोदाई की जा रही है। इसमें नई बनी सड़कें भी शामिल हैं। 

शहर के 22 वार्डों की गलियां, सड़कें खोदाई से प्रभावित रहेंगी। करीब 47,827 घरों केसामने सीवर लाइन की खोदाई होनी है। बेहद घने बसे इन इलाकों में खोदाई के बाद जलनिगम ने मरम्मत भी नहीं की है। मिट्टी के ढेर गलियों में ही छोड़ दिए गए हैं।

चीफ इंजीनियर ने नहीं की कार्रवाई

नगर निगम के चीफ इंजीनियर निर्माण एके सिंह सप्ताह में चार दिन नोएडा की जिम्मेदारी संभालते हैं। ताजनगरी में वह आधिकारिक रूप से केवल दो दिन ही बैठकर फाइलें निपटाते हैं। ऐसे में शहर में चल रही खोदाई पर न तो उनके विभाग के इंजीनियरों ने कोई कार्रवाई की और न ही चीफ इंजीनियर ने। टेलीकॉम कंपनियों के खिलाफ वह जुलाई से लेकर अब तक कोई कार्रवाई नहीं कर सके।
विज्ञापन

विभागों की जिम्मेदारी है मरम्मत की- महापौर

सवाल : पूरे शहर में खोदाई हो रही है, कंपनियों पर क्या कार्रवाई की गई
जवाब : सीवर, पानी के कनेक्शन और विकास के कार्य तो होंगे, लेकिन विभागों की जिम्मेदारी है कि वह मरम्मत भी करें। जो विभाग या कंपनियां मरम्मत नहीं करतीं, उन पर हमने जुर्माना लगाया है।
सवाल : निगम की सड़कों, इंटरलाकिंग को बर्बाद कर दिया है, सड़कें बनाई नहीं
जवाब : जिन सड़कों की खोदाई की अनुमति दी गई है, उन सभी में इंजीनियरों के जरिए सर्वे कराया जाएगा कि अनुमति के बाद किन कंपनियों ने मरम्मत नहीं की। उन्हें सड़क मरम्मत का काम करना होगा
सवाल : पार्षद, जनता सब परेशान हैं, कंपनियों पर कार्रवाई की मांग कर रहेहैं
जवाब : मैने पिछले सदन में ही आदेश दिए थे कि सभी कंपनियों को सदन में जवाब देने को बुलाया जाएगा। बिना अनुमति रोड काटने वालों पर मैने एफआईआर, सामान जब्त करने के आदेश दिए हैं।
- नवीन जैन, महापौर
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें