‘हिंदुस्तान की सुनहरी तस्वीर में 76 फीसदी कारोबार, सरकारी खजाने में 72 फीसदी टैक्स हिस्सेदारी, 87 फीसदी समाजसेवा के प्रकल्प, लेकिन राजनीति में हमारी भागीदारी महज 6.5 फीसदी। अब हमें राजनीति में भी आगे बढ़ना होगा। दिखाना होगा कि 56 इंची सीना हमारा भी है। एक्टिव प्लेयर और गेम चेंजर बन सकते हैं। यह संभव तब होगा, जब पंचायत से पार्लियामेेंट तक वैश्य नेताओं को चुनाव लड़ने के लिए प्रोत्साहित करेंगे।’ इंटरनेशनल वैश्य फेडरेशन के अंतर्राष्ट्रीय अध्यक्ष पूर्व सांसद रामदास अग्रवाल की इन बातों ने होटल जेपी पैलेस में शुरू हुए अंतर्राष्ट्रीय वैश्य महासम्मेलन में उपस्थिति समाज के लोगों में जोश जगा दिया।
शुक्रवार से शुरू हुए दो दिन के महासम्मेलन और कार्यसमिति बैठक में वैश्य समाज के शैक्षिक, राजनीतिक और आर्थिक विकास पर दुनिया भर से आए 800 से ज्यादा प्रतिनिधि चिंतन कर रहे हैं। वैश्य इज बेस्ट, बेस्ट इज वैश्य के नारे के साथ शुरू हुए सम्मेलन में
पूर्व सांसद रामदास ने 30 जुलाई तक हर यूनिट को धूमधाम से स्थापना दिवस मनाने के निर्देश दिए। हाल में ही चार राज्यसभा सांसदों के चुने जाने का जिक्र करते हुए कहा कि जो मिला है, उसी को पकड़ो और आगे बढ़ते जाओ। हर परिवार अपने एक बच्चे को वैश्य समाज के कार्यकर्ता के तौर पर आगे बढ़ाए। वक्ताओं ने कहा कि कठपुतली की तरह अब नहीं रहेंगे और खुद गेम चेंजर बनेंगे।
शाम को सांस्कृतिक संध्या हुई, जिसमें कालबेलिया नृत्य, भंगड़ा और बृज का मयूर नृत्य प्रस्तुत किया गया।
800 प्रतिनिधि दुनिया भर से आए आगरा
10 देशों से वैश्य प्रतिनिधि सम्मेलन में पहुंचे
22 प्रदेशों से महासम्मेलन में हुई भागीदारी
76 फीसदी कारोबार वैश्य समाज का
72 फीसदी टैक्स देते हैं वैश्य कारोबारी
87 फीसदी समाजसेवा के काम वैश्यों के
6.5 फ ीसदी ही हिस्सेदारी है राजनीति में
7.5 प्रतिशत वैश्य ही संगठित हुए
13 सूत्रीय एजेंडे पर फोकस महासम्मेलन
- सिविल सर्विसेज की तैयारी कर रहे गरीब छात्रों को छात्रवृत्ति
- अपने व्यवसाय में 10 फीसदी रोजगार वैश्य समाज से दें
- 65 वर्ष से अधिक उम्र के टैक्स दाताओं को पेंशन की सुविधा
- 14 फीसदी आरक्षण समाज के आर्थिक रूप से कमजोर लोगों के लिए
- मेधावियों को प्रोत्साहित करने के लिए कैश पुरस्कार की घोषणा
- 18-35 साल के युवाओं को 100 रुपये की फीस पर अपने साथ जोड़ना
- चुनाव में 100 फीसदी मतदान करके गेम चेंजर साबित होना
- पंचायत से पार्लियामेंट तक वैश्य राजनेताओं को चुनाव लड़ने को प्रोत्साहन
- सामूहिक रूप से संगठित होकर समाज के उत्पीड़न के खिलाफ बोलना
- महा सम्मेलन में सभी घटकों को सम्मान के साथ आमंत्रित करना
- समाज की हस्तियों, महापुरुषों के बलिदान, योगदान को प्रचारित करना
आगरा में एयरपोर्ट नहीं, सुविधाएं नहीं
इंटरनेशनल वैश्य फेडरेशन के अंतर्राष्ट्रीय अध्यक्ष रामदास अग्रवाल ने आगरा में इंटरनेशनल एयरपोर्ट और फ्लाइट न होने का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि शहर इंटरनेशनल है, लेकिन सुविधाएं इंटरनेशनल नहीं हैं। 10 देशों से आए वैश्य प्रतिनिधियों ने भी आगरा में इंटरनेशनल एयरपोर्ट न होने को दुर्भाग्यपूर्ण बताया। वैश्य प्रतिनिधियों ने कहा कि वह सीधी आगरा की उड़ान तलाशते रहे। केंद्र और प्रदेश सरकार को आगरा में इंटरनेशनल एयरपोर्ट और दुनिया के कई देशों से सीधी उड़ान के लिए प्रयास करना चाहिए।
बनारस की सोनी, हरियाणा की पलक का सम्मान
126 घंटे तक लगातार कथक नृत्य कर गिनीज बुक आफ वर्ल्ड रिकार्ड्स में स्थान बनाने वाली बनारस की सोनी चौरसिया को आईवीएफ की ओर से एक लाख रुपये नगद दिए गए। सीबीएसई बोर्ड से 12वीं कक्षा में देश में दूसरे स्थान पर आई हरियाणा की पलक गोयल को सम्मानित किया गया। राज्यपाल राम नाईक ने दोनों ही होनहारों को नगद राशि और सम्मान प्रदान किया।
इन्हें वैश्य रत्न सम्मान से नवाजा
सम्मेलन में पीएनसी इन्फ्राटेक के नवीन जैन, गौसेवक डीडी सिंघल, सुरेश चंद्र गर्ग, सुबोध चंद्र गर्ग, बृज मोहन बंसल और संजीव अग्रवाल को वैश्य रत्न सम्मान से नवाजा। उन्हें राज्यपाल राम नाईक और संस्था अध्यक्ष रामदास अग्रवाल ने पगड़ी, माला, मोमेंटो देकर वैश्य रत्न सम्मान दिया। फेडरेशन के नए बने सदस्यों को भी मंच पर बुलाकर सदस्यता पत्र दिया गया।
इन्होंने संभाली व्यवस्थाएं
आयोजक विधायक जगन प्रसाद गर्ग के साथ देश-दुनिया से आए वैश्य प्रतिनिधियों के लिए व्यवस्थाएं संदीप गोयल, सुरेश अग्रवाल, पवन आगरी, मुकेश नेचुरल, सचिन गोयल, वीरेंद्र गुप्ता, सुशील गोयल, पूनम मित्तल, सुमन अग्रवाल, अजय अग्रवाल, भगवान दास बंसल आदि ने संभालीं।