मैनपुरी। शौचालय निर्माण कराने में लापरवाही बरतने वाले पंचायत सचिवों पर एफआईआर जैसी कार्रवाई भी संभव है। लाभार्थियों को सहमति पत्र वितरित होने के बाद भी शौचालयों का निर्माण कार्य शुरू नहीं होने से बिफरे डीपीआरओ ने पंचायत सचिवों को आठ दिन में शौचालय संबंधी प्रगति रिपोर्ट मांगी है।
स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण के तहत देहात में शौचालय निर्माण का काम चल रहा है। ब्लाक स्तर पर शिविर लगाकर लाभार्थियों को शौचालय निर्माण के लिए सहमति पत्र वितरित किए जा चुके हैं। इसके बाद भी पंचायत सचिव तथा प्रधान शौचालय निर्माण कराने में लापरवाही बरत रहे हैं।
डीपीआरओ सुरेशचंद्र मिश्रा द्वारा की गई समीक्षा में सामने आया कि कई गांवों में सहमति पत्र बंटने के बाद भी शौचालयों का निर्माण कार्य शुरू नहीं कराया जा सका है। इससे भड़के डीपीआरओ ने लापरवाह पंचायत सचिवों को चेतावनी जारी की है। उनसे एक सप्ताह में शौचालय निर्माण संबंधी प्रगति रिपोर्ट मांगी है।
कहा कि जिन कर्मचारियों को 25-25 शौचालय निर्माण का लक्ष्य दिया गया है, वे भी एक सप्ताह में आख्या दें। तय समय में शौचालय निर्माण पूरा नहीं होने पर संबंधित कर्मचारियों का वेतन तक रोका जाएगा। लापरवाही अगर नहीं रुकी तो उनके खिलाफ अब रिपोर्ट भी दर्ज कराई जाएगी।