मथुरा। स्वच्छ भारत मिशन में पिछड़ने के बाद निगम प्रशासन ने महानगर में कूड़ेदान रखने शुरू कर दिए हैं। यह कूड़ेदान नीले और हरे रंग के लगवाए जा रहे हैं। यदि यह कूड़ेदान समय रहते लगते तो स्वच्छ भारत मिशन में मथुरा की रैंकिंग में सुधार हो सकता था।
स्वच्छ भारत मिशन के तहत महानगर में हरे और नीले कूड़ेदान रखवाए जा रहे हैं। महानगर में 125 जोड़े यानी कि 250 हरे और नीले कूड़ेदान लगाए जा रहे हैं। दो रंग के कूड़ेदान इसलिए लगवाए जा रहे हैं ताकि हरे रंग के कूड़ेदान में गीला कूड़ा तथा नीले रंग के कूड़ेदान में सफेद कूड़ा डाला जाए।
जानकारी रहे कि यह कूड़ेदान उस समय लगवाए जाते जिस समय स्वच्छ भारत मिशन का सर्वेक्षण हो रहा था तो शायद मथुरा नगर निगम की मिशन में रैंकिंग में सुधार हो जाता। नहीं दी जा रही जानकारी नीले हरे कूड़ेदान तो लग गए लेकिन निगम ने उन कूड़ेदानों पर कहीं भी यह नहीं लिखा है कि कौन से कूड़ेदान में किस प्रकार का कूड़ा डालना है। लिहाजा लोग दोनों कूड़ेदानों में दोनों प्रकार का कचड़ा डाल रहे हैं।