आगरा । डा. भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय में मंगलवार को 160 परीक्षकों ने रसायन विज्ञान की 30 हजार कापियां जांचीं। एक-एक परीक्षक ने 180 से लेकर 200 तक कापियों का मूल्यांकन किया। रोज की अपेक्षा मूूल्यांकन में अधिक समय दिया।
विश्वविद्यालय के समक्ष समय पर परीक्षा परिणाम देने की चुनौती है। परिणाम में देरी का असर सत्र 2017-18 के पंजीकरण पड़ेगा। इसको देखते हुए कुलपति डा. अरविंद कुमार दीक्षित मूल्यांकन में तेजी पर जोर दे रहे हैं। प्रत्येक परीक्षक को रोजाना करीब 150 कापियां जांचनी होती है। मंगलवार को परीक्षकों ने अधिक समय दिया। एक-एक परीक्षक ने 30 से 50 अधिक कापियां जांचीं। इससे एक दिन में 30 हजार कापियों का मूल्यांकन संभव हो पाया। सर्वाधिक नौ लाख कापियां रसायन विज्ञान की थीं। 19 अप्रैल से मूल्यांकन शुरू था, 15 जून तक 4.5 लाख के करीब ही कापियां जंच पाई थीं। इसके बाद से तेजी लाने की कोशिश की जा रही है। जनसंपर्क अधिकारी डा. गिरजाशंकर शर्मा का कहना है कि जुलाई के पहले सप्ताह में सारे परिणाम घोषित कर दिए जाएंगे।