कासगंज। सांप्रदायिक हिंसा के बाद से कांवड़ यात्रा की सुरक्षा को लेकर प्रशासन काफी परेशान था। अब कांवड़ यात्रा के शिव भक्तों की भीड़ शुरू हो चुकी है। प्रशासन ने भी सभी मार्गों पर संगीनों का पहरा लगा दिया है। जिससे कोई गड़बड़ी न हो। पूरे जिले में रविवार को सुरक्षा बलों ने फ्लैग मार्च कर लोगों को सुरक्षा भरोसा दिया।
कांवड़ भरने के लिए पड़ोसी राज्य राजस्थान, मध्यप्रदेश इलाकों के कांवड़िये बड़ी संख्या में पहुंचते हैं। तीर्थनगरी सोरों होते हुए यह यात्रा कासगंज होकर एटा मार्ग और मथुरा मार्ग की ओर निकल जाती है। कांवड़ियों की टोलियां कई कई किलोमीटर तक लंबी दिखाई देती हैं। लहरा गंगाघाट से सुरक्षा के इंतजाम किए हैं। मार्ग में जगह जगह पुलिस पिकेट लगी हैं।
वहीं जिला मुख्यालय के नगर के बाजारों से होकर कांवड़ियों की टोलियां निकलती हैं। रविवार को सोरों में सुरक्षा बलों के साथ फ्लैग मार्च किया। वहीं जिला मुख्यालय पर भी पूरे दिन सुरक्षा बलों की सक्रियता रही। शाम के समय आरएएफ के दस्ते भी फ्लैग मार्च करते रहे। सिढ़पुरा, सहावर, पटियाली, अमांपुर में भी पुलिस की सड़कों पर सक्रियता रही। गंजडुंडवारा में भी विशेष सतर्कता और सुरक्षा के इंतजाम हैं।
पूरे जिले में सतर्कता की जा रही है। पुलिस और सुरक्षा बलों की तैनाती है। कावड़ यात्रा को संपन्न कराना प्रशासन की प्राथमिकता है। उन्होंने लोगों से सहयोग की भी अपील की। आम लोग भी कावड़ यात्रा के मार्गों को अवरुद्ध न करें।
- पवित्र मोहन त्रिपाठी, अपर पुलिस अधीक्षक