खेत में खड़ी फसल को जोतता ट्रैक्टर
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एटा। किसानों को रोटावेटर (जुताई मशीन) को सरकार द्वारा 50 फीसदी अनुदान पर मुहैया कराने की योजना संचालित की गई थी। योजना के तहत किसानों को अनुदान मुहैया कराया जाना था। जिसमें किसानों ने खेल कर दिया है।
जिले में रोटावेटर का कृषि विभाग को 84 का लक्ष्य दिया गया था। जिसमें सरकार शर्त यह थी कि किसानों को सरकार के साथ संबद्ध कंपनी से ही रोटावेटर खरीदना होगा। जिस पर किसानों को 50 फीसदी अनुदान दिया जाएगा। किसानों को जब रोटावेटर योजना की जानकारी हुई तो हाथों-हाथ लक्ष्य पूरा हो गया। किसानों की मांग पर विभाग ने सरकार के समक्ष लक्ष्य बढ़ाने का प्रस्ताव रखा तो खरीद रसीद पर ही अनुदान देने की अनुमति मिल गई। मगर किसानों ने रोटावेटर खरीदने में खेल कर दिया। उन्होंने निर्धारित कंपनी के बजाए मनमर्जी की रोटावेटर खरीद लिए और रसीद जमा कर दी। ऐसे 17 किसान हैं जिन्होंने रसीद जमा की है। इस खेल के चलते ही अब मामले की जांच शुरू गई है।
किसानों ने रोटावेटर खरीद में मनमर्जी की है। मानकों को नजर अंदाज किया है। इसको लेकर जांच की जा रही है। जांच पूरी होने पर ही किसानों को अनुदान मुहैया कराया जाएगा।
विजय शंकर, डीडी कृषि