जनपद के खस्ताहाल जर्जर भवनों में संचालित होने वाले जर्जर विद्यालयों के भवनों को ध्वस्त कराने का निर्णय जिलाधिकारी ने लिया है। उन्होंने कहा कि जो भवन मरम्मत से सही हो सकते हैं उन्हें मरम्मत करके सही कराया जाएगा। जिन भवनों का पुर्ननिर्माण होना है उन भवनों का प्रस्ताव शासन को भेजा जाएगा और नए भवन का निर्माण कराया जाएगा।
किराए के जर्जर हाल भवनों में चलने वाले स्कूल भी अन्य स्थान पर शिफ्ट किए जाएंगे। इस संबंध में बीएसए गीता वर्मा से रिपोर्ट मांगी है। जिलाधिकारी आरपी सिंह ने इस मामले में कलक्ट्रेट सभाकक्ष में बैठक करके ब्लॉकवार प्राथमिक विद्यालयों के भवनों की समीक्षा की। उन्होंने बीएसए से जर्जर हाल भवन खराब हैंडपंप, टूट शौंचालय, टूटी बाउंड्रीवाल एवं जलभराव की समस्या पर रिपोर्ट तलब की है। जिलाधिकारी ने स्कूल निर्माण कार्य में गड़बड़ी करने वाले पटियाली के वीनपुर एवं करनपुर विद्यालयों की शिकायत पर नाराजगी व्यक्त की। संबंधित प्रधानाध्यापक एवं ग्राम प्रधान से व्यय हुई धनराशि की वसूली कराई जाएगी। बैठक में बीएसए ने 100 से अधिक विद्यालय भवन जर्जर होने का अनुमान बताया। डीएम ने कहा कि जो भवन जर्जर हैं उनके संबंध में जेई की रिपोर्ट लेकर नियमानुसार कार्रवाई करें। जर्जर भवनों का सर्वेक्षण नियमानुसार हो, जिससे उन्हें ध्वस्त कराया जा सके। जिलाधिकारी ने कहा कि सर्वेक्षण में लापरवाही न बरती जाए। यदि कोई जर्जर भवन में हादसा होता है तो इसके लिए एबीएसए जिम्मेदार होंगे। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी श्रीनिवास मिश्र व अन्य अधिकारी मौजूद रहे।