आगरा। समाजवादी परिवार की आपसी फूट की वजह सत्ता और पार्र्टी में रुतबा गंवाने के बाद पूर्व कैबिनेट मंत्री शिवपाल सिंह यादव अपनी जमीन पक्की करने के लिए प्रदेश में दौर पर निकल पड़े हैं। इसी के तहत वह बुधवार को आगरा पहुंचे। सर्किट हाउस में प्रेसवार्ता के दौरान शिवपाल सिंह यादव ने अखिलेश यादव पर प्रहार किए तो भाजपा सरकार के खिलाफ भी हमलावर रहे। इससे पहले शिवपाल यादव प्रदेश की योगी सरकार के बारे में नरम रुख अपनाए हुए थे।
शिवपाल यादव ने कहा कि भ्रष्टाचार पर जीरो टोलरेंस की बात करने वाली भाजपा सरकार के कार्यकाल में जमकर लूट खसोट हो रही है। विधायक और सांसद ट्रांसफर और पोस्टिंग में पैसा खा रहे हैं। अब तो नई फीस एनडीएफ (नो डिस्टर्बेंस फीस) भी शुरू हो गई है। गोरखपुर की घटना के प्रश्न पर शिवपाल यादव ने कहा कि यह योगी सरकार की संवेदनहीनता का परिणाम है। इसकी वजह मासूमों की जान चली गई।
नोटबंदी पर उन्होंने पीएम को घेरते हुए कहा कि नोटबंदी और जीएसटी आम आदमी, गरीब, मजदूर को नुकसान हुआ है। समाजवादी पार्टी छोड़कर जा रहे नेताओं के संबंध में उन्होंने कहा कि अब तो अखिलेश यादव को अक्ल आ जानी चाहिए। यदि यूपी का चुनाव नेताजी (मुलायम सिंह) के नेतृृत्व में होता तो अखिलेश दोबारा सीएम होते। मुसलमानों का जिक्र करते हुए शिवपाल यादव ने कहा कि इस सरकार में मुसलमान परेशान हैं।
बनाकर रहूंगा समाजवादी सेक्युलर मोर्चा
शिवपाल यादव वरिष्ठ समाजवादी नेताओं से मिले। सबसे पहले वह पूूर्व विधायक विजय सिंह राणा से मिलने गए। इसके बाद कमला नगर में तुलसी राम यादव से मिले। एक पूूर्र्व एमएलसी भी शिवपाल यादव से मिलने पहुंचे। बताया जाता है कि 21 सितंबर को समाजवादी पार्टी का अधिवेशन होने जा रहा है। इससे पहले शिवपाल यादव फील्डिंग में जुट गए हैं। प्रेसवार्ता के दौरान शिवपाल यादव ने कहा कि वे समाजवादी सेक्युलर मोर्चा बना कर रहेंगे।
अब धरतीपुत्र हो गए शिवपाल
शिवपाल यादव के स्वागत से सपा के जिलाध्यक्ष और शहर अध्यक्ष की टीम ने तो दूरी बनाए रखी लेकिन नितिन कोहली, डा. गिरीश यादव, मो. यूनिस खान आदि की टीम सर्र्किट हाउस पहुंची। अब तक मुलायम सिंह यादव को धरतीपुत्र कहा जाता था लेकिन कार्यकर्ताओं ने अब शिवपाल को धरती पुत्र कहना शुरू कर दिया। अखिलेश के समर्र्थन एक भी नारा नहीं लगा। मुलायम सिंह के समर्र्थन में भी कम नारे लगे। कार्र्यकर्र्ताओं ने सर्किट हाउस की शीशा भी तोड़ दिया।