पटियाली/गंजडुडवारा (कासगंज)। तहसील क्षेत्र में मेहोला के खलियान में आग लगने से 4 घंटे तक खेतों में तबाही होती रही। सैकड़ों बीघा गेहूं की फसल जलकर राख हो गई है। तीन गांव के तमाम किसान फसल जल जाने से पूरी तरह बर्बाद हो गए हैं। समय पर दमकल वाहन न पहुंचने से ग्रामीणों ने नाराजगी जताई। किसान आग बुझाने को खेतों की ओर दौड़ते रहे। सूचना पर पहुंचे प्रशासनिक अफसरों ने फसलों के नुकसान का आकलन शुरू कराया है।
बुधवार दोपहर लगभग एक बजे गांव मेहोला के खलियान में सुरेश के खेत से आग लगना शुरू हुई। अज्ञात कारणों से गेहूं की फसल में लगी आग हवा की लपटों के साथ दूसरे खेतों की ओर बढ़ गई। खेतों पर काम कर रहे किसान आग बुझाने दौड़े और मदद को चिल्लाने लगे। आवाज सुनकर तमाम ग्रामीण खेतों की ओर आग बुझाने दौड़ पड़े। देखते ही देखते गांव मेहोला, निविया और किला नरदौली के सैकड़ों बीघा खेत की फसल राख हो गई। सूचना अग्निशमन केंद्र पर दी गई, लेकिन दमकल कर्मी समय से मौके पर नहीं पहुंचे जिससे ग्रामीणों में आक्रोश देखने को मिला। सैकड़ों बीघा फसल में आग की सूचना मिलते ही प्रशासनिक अफसर मेहोला के खलियान में पहुंच गए। पटियाली एसडीएम शिवकुमार राजस्व निरीक्षक श्रीनिवास, लेखपालों की टीम लेकर क्षति आकलन के लिए पहुंचे। देर शाम तक टीमें क्षति के आकलन में जुटी रहीं। आग से जली फसलों का क्षेत्रफल और प्रभावित किसानों की सूची शाम तक तैयार की जाती रही।
खेतों की ओर दौड़ी महिलाएं और बच्चे
कासगंज। जब खेतों में आग लगी तो गांव से खेत तक भगदड़ मची हुई थी। पुरुष ही नहीं बल्कि महिलाएं और बच्चे भी बर्बादी रोकने के लिए दौड़ते नजर आए। जिसे जो सूझा वह अपने तरीके से आग बुझाने की कोशिश करता रहा। यहां तक की जलती फसलों में लोगों ने आग बुझाने के लिए ट्रैक्टर भी दौड़ा दिए।
- गांव मेहोला में आग की सूचना मिलने पर टीम मौके पर भेजी। मैं भी स्वयं क्षति के आकलन में जुटा हुआ हूं। प्रभावित किसानों की सूची तैयार होने के बाद मुआवजे की अग्रिम प्रक्रिया शुरू की जाएगी। शिवकुमार, एसडीएम।आग से तीन झोंपड़ियों में गल्ला व सामान जला, दो जानवर झुलसे
इनकी जली गेहं की फसल -
गोकरन सिंह की 20 बीघा, हाकिम सिंह की 20 बीघा, रूम ङ्क्षसह की 20 बीघा, राजवीर की 10 बीघा, जयसिंह की 15 बीघा, नबाब सिंह की 10 बीघा, सुखवीर की 10 बीघा, एवरन की 10 बीघा, महीपाल की 10 बीघा, बाबूराम की 25 बीघा, महेश की 5 बीघा, जयपाल की 14 बीघा, सुखवीर की 10 बीघा, राजेश की 10 बीघा, मानपाल की 10 बीघा, रजनेश की 10 बीघा, सचिन की 10 बीघा, हृदेश की 10 बीघा, भगवान सिंह की 12 बीघा, नेमसिंह की 5 बीघा, वीरसिंह की 10 बीघा, सुरेश की 10 बीघा, नाथूराम की 10 बीघा, मौरसिंह की 10 बीघा, प्रदीप की 12 बीघा, अवनीश की 12 बीघा, सुखवीर की 12 बीघा आदि की गेहूं की फसलें जल गईं।
रिपोर्ट-खिल्लू खान
संपादन-अजय झवंर
आग से तीन झोंपड़ियों में गल्ला व सामान जला, दो जानवर झुलसे
सहावर। क्षेत्र के नगला गंगी में तीन घरों में आग लग गई। जिसमें अनाज, कपड़े जल गए, जबकि दो जानवर भी झुलस गए। गांव निवासी रामसिंह के यहां बरात आई हुई थी। दावत की तैयारी चल रही थी। उसी समय अचानक सिलेंडर में आग गई। आग की लपटें छप्पर तक पहुंच गई और झोपड़ी में आग लग गई। उनके यहां 10 क्विंटल गल्ला व अन्य सामान जल गया। वहीं एक गाय और एक भैंस भी झुलस गए। आग ने पड़ौस के सौदान व हाकिम के घरों को भी अपनी चपेट में ले लिया। काफी मशक्कत के बाद ग्रामीणों ने आग को बुझाया।