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आग ने 13 दिन में छीना 25 किसानों का निवाला

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एटा। जैसे जैसे तापमान में बढ़ोत्तरी हो रही है। वैसे वैसे आग विकराल रुप धारण कर रही है। गर्मी के ताप में उठने वाली चिंगारी ने पिछले 13 दिनों (13 से 24 अप्रैल )में करीब 25 किसानों की फसल को राख कर दिया है। सबसे अधिक सकीट क्षेत्र में 12 किसानों की फसल पूरी तरह जल गई। आलम यह है कि अब तक किसानों की गेहूं की पकी 186 बीघा फसल आग की भेंट चढ़ चुकी है। मगर जिम्मेदारों ने अब तक किसानों की सुध नहीं ली है। जिले में हर साल गर्मी बढ़ते ही अग्निकांडों में इजाफा हो जाता है। सबसे ज्यादा आग लगने की घटनाएं हाईटेंशन लाइन गिरने और चिंगारी गिरने से हुई हैं। ऐसे में किसानों की चिंता बढ़ी हुई है। बताते चलें कि सकीट क्षेत्र में कुल 12 किसानों की फसल बिजली के तार और चिंगारी गिरने से हुई है। वहीं जलेसर क्षेत्र में 25 बीघा फसल भी बिजली के तार गिरने, मिरहची में चार बीघा, निधौलीकलां में एक बीघा, जैथरा में 46 बीघा फसल जलकर खाक हो गई है। वहीं अब तक किसानों की फसल के मुआवजे को लेकर विद्युत विभाग ने कोई पहल नहीं की है। ऐेसे में किसानों की चिंता बढ़ी हुई है।
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इस तरह मिलता है मुआवजा
अधिकारियों की मानें तो किसानों को फसल जलने पर मुआवजा देने का प्रावधान है। मुआवजे के तौर पर ढाई एकड़ तक फसल जलने पर 15 हजार, ढाई एकड़ से अधिक फसल जलने पर 20 हजार और पांच एकड़ फसल जलने पर 30 हजार रुपये दिए जाते हैं।
तहसील की रिपोर्ट पर दिया जाता है मुआवजा
बिजली विभाग के अधिशासी अभियंता सोपाली सिंह के अनुसार तहसील से आने वाली रिपोर्ट के आधार पर ही वह किसान को मुआवजा राशि का चेक मुहैया कराते हैं। अब तक किसी भी तहसील से जांच रिपोर्ट नहीं मिली है। जांच में अगर विद्युत तारों से आग लगना बताया जाएगा, तो मुआवजा दिया जाएगा।
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ये हुई घटनाएं
12 अप्रैल:- राजा का रामपुर के केला गांव में तीन बीघा फसल जली
13 अप्रैल:- निधौलीकलां के गांव अहरमई में एक बीघा और मलावन के थरौली में आठ बीघा फसल में आग लगी।
14 अप्रैल:- जसरथपुर के हरीसिंहपुर में 45 बीघा फसल जली।
20 अप्रैल:- सकीट के कंगरौल में 10 किसानों की 64 बीघा फसल जली। जैथरा के लालपुर में एक बीघा फसल स्वाहा।
21 अप्रैल:- जलेसर के अगरपुर में तीन बीघा फसल में आग लगी।
22 अप्रैल:- जलेसर के फरीदपुर में 25 बीघा फसल स्वाहा।
23 अप्रैल:- सकीट के सकतपुर में दो बीघा, बहलोलपुर में 25 बीघा और मिरहची के डुडिया मेें चार बीघा फसल जली।
24 अप्रैल:- कोतवाली देहात क्षेत्र के कासिमपुर में पांच बीघा फसल जली।
आंकड़ों पर नजर
25 किसानों की गेहूं की फसल में लगी आग
186 बीघा फसल अब तक चढ़ चुकी आग की भेंट
15 हजार ढाई एकड़ फसल जलने का है मुआवजा
30 हजार पांच एकड़ फसल में आग पर मिलता है मुआवजा राशि
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