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रेल मंत्रालय को टवीट किया तो हरकत में आए अधिकारी

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रेल मंत्रालय को टवीट किया तो हरकत में आए अधिकारी - फोटो : अमर उजाला
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कासगंज। रेलवे जंक्शन पर प्लेटफार्मों के बीच केवल एक फुट ओवर ब्रिज है, जिससे यात्रियों को आने जाने में दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। वहीं ब्रिज पर अत्यधिक यात्रियों का दबाव हो जाने पर हादसे का खतरा मंडराने लगता है। इस समस्या पर फुट ओवरब्रिज पर भीड़ का फोटो रेल मंत्रालय को ट्वीट किया गया। वहां से इज्जतनगर के डीआरएम को मामले को गंभीरता से लेने के निर्देश दिए गए है।
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नगर के आवास विकास कॉलोनी निवासी इंजीनियर अमित तिवारी ने फुट ओवरब्रिज पर जबरदस्त भीड़ के फोटो शेयर करते हुए हादसे की आशंका जताई। इस पर रेल मंत्रालय सक्रिय हुआ और मामले की जांच पड़ताल करने के निर्देश दिए। इज्जतनगर मंडल के डीआरएम को इस समस्या को देखने के लिए कहा गया। शिकायतकर्ता अमित तिवारी ने बताया कि फुट ओवरब्रिज पर क्षमता से अधिक यात्रियों की भीड़ हो जाती है। जिससे कभी भी हादसा संभव है। वैसे भी जंक्शन पर एक और फुट ओवर ब्रिज की आवश्यकता है। जिसकी रेल प्रशासन अनदेखी कर रहा है।


चुनाव एक्सप्रेस के साथ ही दौड़ने को तैयार ट्रायल एक्सप्रेस
कासगंज। चुनाव के साथ ही मथुरा-कानपुर रेल लाइन पर इलैक्ट्रिक ट्रायल एक्सप्रेस दौड़ाने को तैयार है। इलैक्ट्रिक रेल लाइन पूरी तरह तैयार है। इसके लिए इरकॉन संस्था ने इलैक्ट्रिक तारों में करंट दौड़ाकर परीक्षण भी कर लिया है।
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लगभग 300 करोड़ रुपये की योजना से मथुरा-कानपुर रेलवे ट्रैक को इलेक्ट्रिक किया गया है। यूं तो ट्रैक पर मार्च माह में ट्रेन दौड़ाने का लक्ष्य था, लेकिन मार्च की शुरुआत में काम पूरा नहीं हो सका और इसके बाद आचार संहिता लागू हो गई। रेलवे की कार्यदायी संस्थाएं लगातार काम करती रहीं। अब काम पूरा हो गया है। रेलवे ने इलेक्ट्रिक रेल लाइन में करंट दौैड़ाकर परीक्षण कर लिया। लाइन का परीक्षण करने के बाद इरकॉन संस्था ने इलेक्ट्रिक तारों से करंट खत्म कर दिया। केंद्रीय संरक्षा आयुक्त अब 29 मार्च को रेल लाइन का निरीक्षण करेंगे। कासगंज से मथुरा और कानपुर रेल मार्ग पर इलेक्ट्रिक तैयारियां परखेंगे। इसके बाद मथुरा से कानपुर के बीच ट्रायल इंजन दौड़ाया जाएगा। हालांकि स्पष्ट नहीं हो सका है कि इस इलेक्ट्रिक लाइन पर ट्रेनें नियमित कब से दौड़ेंगी।
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अभी सीआरएस का कोई लिखित कार्यक्रम नहीं आया है। संभावना 29 मार्च की है। इलेक्ट्रिक रेल लाइन पर काम पूरा हो चुका है।
- राजेंद्र सिंह, पीआरओ
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