मथुरा। जनपद में बनाए गए 18 गोआश्रय स्थलों पर गोवंश भूखा प्यासा तड़प रहा है। इन्हें चारा और पानी पिलाने की व्यवस्था के लिए बनाई गई अस्थाई गोआश्रय स्थल समिति सिर्फ कागजी आदेश बन कर रह गई है।
कलक्ट्रेट पर किसानों के प्रदर्शन के बाद जिला प्रशासन ने कासिमपुर, अकोस, सारस, ऊधर, इरौली गूजर, संकेत, तूमौला, अकबरपुर, राल, झुडावई, नौहझील में बाघर्रा में अस्थाई गोआश्रय स्थल बनाए हैं। इनमें 100 से लेकर 1500 तक गायों को रखने का इंतजाम किया जाना था।
इसके लिए ग्राम प्रधान, आठ विभागों के कर्मचारियों सहित 20 सदस्यों की समिति बना दी गई, लेकिन यह समिति ग्राम प्रधान तक सिमट कर रह गई है। गोशाला का संचालन ग्राम प्रधान ही कर रहे हैं। नौहझील के बाघर्रा में माता मंदिर के पास बनाई गोशाला में ग्राम पंचायत निधि से सबमर्सिबल लगा दी है, कुछ ग्रामीणों ने भूसा डाल दिया है। गोशाला में भूख से रोजाना तीन चार गाय मर रही हैं। यही स्थित अन्य गोशालाओं की भी है।
जिखनगांव में स्कूल और राधाकुंड में श्मशान में बंद किए गोवंश
गोवर्धन/राधाकुंड। खेतों में फसल को खराब कर रहे गोवंश से परेशान जिखनगांव के किसानों से सैकड़ों गोवंश प्राइमरी स्कूल में बंद कर दिए। इससे स्कूली छात्र स्कूल के बाहर भटकते रहे। स्कूलों की छुट्टी कर दी गई। वहीं, किसानों ने राधाकुंड के श्मशान स्थल में सैकड़ों गोवंश बंद कर दिए। स्कूल व श्मशान स्थल में बंद गोवंश भूख प्यास रंभाते रहे।
गोवर्धन क्षेत्र में गोवंश दिन रात किसानों के खेतों में फसल बर्बाद कर रहे हैं। इससे परेशान राधाकुंड के किसानों ने श्मशान स्थल में 400 से अधिक गोवंश बंद कर दिए। 24 घंटे से अधिक समय से बंद गोवंश भूख से परेशान होकर रंभाते रहे। बाद में नगर पंचायत राधाकुंड के कर्मचारी श्मशान स्थल पहुंचे और गायों के लिए पानी का इंतजाम किया, लेकिन चारे का इंतजाम नहीं किया गया। देर रात तक भूखे गोवंश आपस में लड़ते रहे।
सोमवार तड़के जिखनगांव के किसानों ने 100 से अधिक गोवंश प्राइमरी स्कूल में बंद कर दिए और बाहर से ताला लगा दिया। इससे स्कूल में छात्र व शिक्षक प्रवेश नहीं कर सके। इसे लेकर शिक्षकों ने गोवर्धन पुलिस को सूचना दी।
सूचना पर गोवर्धन थानाध्यक्ष सुरेंद्र पाल सिंह व पीआरवी तथा यूपी 100 पुलिस पहुंच गई और ग्रामीणों से गोवंश को मुक्त करने को कहा, लेकिन ग्रामीण गोवंश को प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा रखने के पर्याप्त इंतजाम न करने तक गोवंश को मुक्त करने के लिए राजी नहीं हुए। सायं चार बजे तक किसानों की सहमति न होने के बाद पांच गाय सुरभि गोवंश गोशाला तथा बाकी को माताजी गोशाला बरसाना भेजा गया। उधर, राधाकुंड में शाम को गोवंश के लिए चारे की व्यवस्था की गई।
गोशाला संचालन के लिए प्रधानों को बताए टिप्स
मांट। मांट तहसील के प्रधानों को गोशाला संचालन और सफाई आदि को लेकर ग्राम प्रधानों को टिप्स दिए। गांवों में हर घर में शौचालय बनवाने से लेकर अन्य विकास कार्य कराने को लेकर डीपीआरओ ने कार्ययोजना बताई। सोमवार को मांट ब्लाक के सभागार में डीपीआरओ प्रीतम सिंह ब्लॉक के प्रधानों को विकास कार्य कराने संबंधी जानकारी दी। इसमें गांव ऊधर में 125 एकड़ में बन रही गोशाला में सहयोग करने और खाली पड़ी सरकारी जमीन पर गायों के लिए चारा बुआई कराने को ग्राम प्रधानों को निर्देश दिए। टैटीगांव में बैंक में ग्राम पंचायतों के खाता संचालन को लेकर दूसरी बैंकों में खाता खुलवाने को कहा। बैठक में एडीओ पंचायत देवीपूजन उपमन्यु, बिजेंद्र पाल सिंह, उमेश चौधरी, तरुण वर्मा, धीरेंद्र सिंह, योगेश शर्मा, राजू प्रसाद, भूमित्र शर्मा, रामकिशन चौधरी मौजूद रहे।