मैनपुरी- बरनाहल/करहल। थाना करहल क्षेत्र के गांव आजमपुर में एक निजी कंपनी की ओर से डाली जा रही बिजली की केबल पर काम कर रहे प्राइवेट लाइनमैन की करंट लगने से मौत हो गई। वहीं, चार अन्य गंभीर रूप से झुलस गए। हादसे के बाद गुस्साए ग्रामीणों और परिजनों ने साढ़े तीन घंटे तक शव खंभे से नहीं उतरने दिया। इस दौरान मौके पर तीन थानों की पुलिस पहुंच गई। गुस्साए लोगों ने बिजली विभाग और ठेकेदार के खिलाफ प्रदर्शन करते हुए जाम लगाने की भी कोशिश की। बाद में पुलिस ने किसी तरह समझाबुझा कर लोगों को शांत किया। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
थाना करहल क्षेत्र के गांव आजमपुर में आरसीएल कंपनी की ओर से विद्युत लाइन डाले जाने का काम किया जा रहा है। बुधवार को ठेकेदार की ओर से काम पर लगाए गए मजदूर केबल डालने का काम कर रहे थे। थाना बेवर के गांव नगला कंज निवासी 25 वर्षीय युवक लाइन डालने के लिए खंभे पर चढ़ गया। सुबह करीब साढ़े 11 बजे वह लाइन को खींच रहा था, तभी अचानक पास से गुजर रही हाईटेंशन लाइन से केबल छू गई और करंट दौड़ गया। इसकी चपेट में आकर कुलदीप की मौके पर ही मौत हो गई।
वहीं केबल को पकड़े कंज निवासी मनोज कुमार, रामबहादुर, भानुप्रताप व रामवरन गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद घटनास्थल पर अफरा तफरी मच गई। आनन-फानन में घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया। वहां से सैफई के लिए रेफर कर दिया गया। जानकारी होने के बाद मृतक परिजन और ग्रामीण मौके पर आ गए। उधर सूचना मिलने के बाद करहल, बरनाहल और कुर्रा थाने का फोर्स, सीओ सिटी राकेश पांडे भी पहुंच गए।
घटना से आक्रोशित लोगों ने पुलिस को शव उतारने से रोक दिया। वहीं, परिजनों ने मृतक आश्रितों को मुआवजा और पत्नी को सरकारी नौकरी देने तथा डीएम खुद घटनास्थल पर आकर आश्वासन देने की मांग की। साथ ही वे ठेकेदार पर भी कार्रवाई की मांग कर रहे थे। इस बीच परिजनों ने जाम लगाने का भी प्रयास किया। कई दौर की वार्ता के बाद सीओ सिटी परिजनों को समझा सके। इसके बाद करीब तीन बजे खंभे पर लटके शव को उतारा गया। बाद में पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया है।
बनते बिगड़ते रहे हालात
बरनाहल। निजी कंपनी की ओर से बिजली केबल डालने के दौरान मजदूर की करंट लगने से मौत के बाद करीब साढ़े तीन घंटे तक हालात बनते बिगड़ते रहे। ठेकेदार पर आरोप लगा रहे मृतक के परिजन व ग्रामीण बेहद आक्रोशित थे। सीओ के समझाने का भी उन पर कोई असर नहीं पड़ रहा था। कभी लग रहा था कि लोग शांत हो रहे हैं, लेकिन अगले ही पल कार्रवाई की मांग को लेकर भीड़ उग्र रूप धारण कर लेती थी।
ठेकेदार ने मोबाइल किया बंद
बरनाहल। करहल के गांव आजमपुर में करंट से मजदूर की मौत के बाद मजदूरों ने ठेकेदार को फोन मिलाया। उसे पूरी घटना बताते हुए मौके पर आने के लिए कहा गया, लेकिन उधर से सिर्फ आश्वासन मिलते रहे। ग्रामीणों के अनुसार ठेकेदार मौके पर नहीं आया। कुछ देर बाद उसने मोबाइल भी बंद कर लिया।
नहीं लिया था शटडाउन
बरनाहल। मजदूर जब केबल डालने का काम कर रहे थे, उस दौरान पास से ही गुजर रही 33 हजार केवीए की लाइन का शटडाउन नहीं लिया गया था। एसडीओ अनिल कुमार दोहरे ने बताया कि काम करते समय शटडाउन नहीं लिया गया था। इस वजह से यह हादसा हुआ। 33 हजार केवीए की लाइन का शटडाउन सैफई से लिया जाता है।
मासूम नहीं जानते उन्होंने क्या खोया
बरनाहल। करंट लगने से बेवर के गांव नगला कंज निवासी कुलदीप की मौत के बाद घर में चीत्कार मचा हुआ है। 25 वर्षीय मृतक के दो बच्चे हैं, जिनमें एक की उम्र दो वर्ष, वहीं दूसरे की एक वर्ष है। पिता का कहना है कि मृतक के मासूम बच्चों को तो पता ही नहीं कि इस हादसे में आखिर उन्होंने क्या खो दिया है। मासूमों के भविष्य के लिए प्रशासन मुआवजा दे, जिससे उनकी परवरिश सही ढंग से हो सके।