दवा कंपनी ने रोकी केमिकल-किट की सप्लाई, कई जांचें बंद
आगरा। एसएन मेडिकल कॉलेज में चिकित्सकीय सेवाओं का हाल बदतर है। बिल का भुगतान न होने पर दवा कंपनी ने मेडिकल किट, केमिकल की सप्लाई रोक दी। इससे पिछले पांच दिन से रक्त संबंधी बीमारियों की कई जांचें बंद पड़ी हैं। मरीजाें को पैथोलॉजी लैब से लौटाया जा रहा है।
एसएन मेडिकल कॉलेज में मरीजों की सेवा के लिए दो पैथोलॉजी लैब की सुविधा है। ओपीडी रहने तक सात मंजिला विभाग में जांच कराई जा सकती हैं तो इमरजेंसी में 24 घंटे सेवा उपलब्ध है। दोनों लैब में रोजाना 800 से अधिक मरीजों की 3000 जांचें होती हैं। पैथोलॉजी लैब में केमिकल, मेडिकल किट की सप्लाई करने वाली दवा कंपनी के बिल रुके हुए हैं।
भुगतान न होने पर कंपनी ने पिछले सप्ताह से सप्लाई रोक दी है। पांच दिन से स्टाक खत्म हो जाने से अब कई जांचें नहीं हो पा रही हैं। एसआईसी डा. अजय अग्रवाल ने बताया कि बिल क्लीयर न हो पाने के कारण ये दिक्कत आई है। भुगतान की प्रक्रिया चल रही है। एजेंसी संचालक से बात हो गई है, वह केमिकल-किट उपलब्ध करा रहा है। गुुरुवार से जांचें शुरू हो जाएंगी।
गंभीर मरीजों का हो रहा इलाज प्रभावित
केमिकल और मेडिकल किट न होने के कारण पेट में संक्रमण, खून की कमी, प्लेटलेट्स काउंट, सोडियम, पोटेशियम, कैल्शियम, एल्काइन फॉस्फटेज, कॉलेस्ट्रॉल समेत कई जांचें नहीं हो रही हैं। ये जांच नहीं होने से कैंसर, टीबी, हृदय, किडनी जैसे मरीजों का इलाज प्रभावित हो रहा है। बुखार-खांसी के मरीज भी परेशान हैं।
जांच का नाम प्राइवेट लैब में चार्ज
सीबीसी 200-250 रुपये
पोटेशियम 100 रुपये
कैल्शियम 100 रुपये
सोडियम 100 रुपये
एल्काइन फास्फटेज 150 रुपये
लायपेज 250-300 रुपये
- मरीजों के सामने इनको प्राइवेट लैब में कराना ही विकल्प है, प्राइवेट में ये जांचें 100 से 600 रुपये तक होती हैं।
- ओपीडी में दिखाने के बाद जांच कराने आई, यहां चार में दो जांचें ही हुई। बाकी बाहर से कराने को कहा। शहनाज, धूलियागंज
- केमिकल खत्म होने के कारण जांच नहीं हो पा रही हैं। यह बात बताकर दो-तीन दिन बाद पता करने को कहा है। हिना, छाता
- मरीज गंभीर है, जांच नहीं हो पा रही है। पैसे भी नहीं कि प्राइवेट में करा लें, बड़ी दिक्कत हो रही है। प्रमोद कुमार, शिकोहाबाद