नौहझील(मथुरा)। 12 लाख रुपये के कर्ज में डूबे किसान ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। नौहझील के गांव नावली में उसके अपने खेत पर किसान का शव नीम के पेड़ पर लटका मिला। गले में प्लास्टिक की रस्सी का फंदा लगा हुआ था। जमीन से 15 फीट ऊपर पेड़ से लटके शव को नौहझील पुलिस ने उतारा। किसान बुधवार की सायं घर से निकला था।
थाना नौहझील के गांव नावली निवासी कि सान कुशलपाल (45) पुत्र रविंद्र सिंह बुधवार की सायं चार बजे बाइक से घर से निकला। उसके बाद वह घर नहीं लौटा। गुरुवार की सुबह आठ बजे नावली के करुआ प्रधान ने शव को पेड़ से लटका देखा तो दंग रह गया। खबर होने पर आसपास के ग्रामीण एकत्रित हो गए, परिजन भी पहुंच गए।
नौहझील पुलिस ने शव को पेड़ से उतारकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। मृतक किसान की चप्पल और बाइक खेत पर ही मिली है। परिजनों की मानें तो कुशलपाल पर करीब 12 लाख रुपये का कर्जा था। एक सप्ताह से किसान काफी परेशान था। प्रभारी निरीक्षक वीरेंद्र सिंह ने बताया कि कर्ज में डूबे किसान ने फांसी लगाकर आत्महत्या की है।
मृतक किसान के दो बेटे और एक बेटी है। बेटी और बेटे का विवाह हो चुका है। गुरुवार की शाम तक तो परिजनों ने किसी पर आरोप नहीं लगाया है। पिता की मौत से परिवार में कोहराम मचा हुआ है। सभी का रो-रोकर बुरा हाल था।
ईंट के भट्टे में भी हुआ था घाटा, बेच दिया था खेत
नौहझील। परिजनों की मानें तो कुशलपाल पर केसीसी (किसान क्रेडिट कार्ड) का दो लाख रुपये का लोन था जो उसने हसनपुर की बैंक से 2008 में लिया था। इसके अलावा तकरीबन 10 लाख रुपये परिचितों से उधार लिए थे। परिजनों की मानें तो कुछ दिन पहले ईंट के भट्टे में पार्टनरशिप की थी। उसमें भी घाटा हुआ था। किसान ने कुछ दिन पहले पांच बीघा खेत भी बेचा था। घाटे के कारण परेशान कुशलपाल ने फांसी लगा ली।